हरियाणा में विधायकों का मकान भत्ता बढ़ा, अब 80000 मिलेंगे

हरियाणा मंत्रिमंडल के विस्तार के बाद सोमवार को सरकार की कैबिनेट की पहली बैठक हुई, जिसमें 4 एजेंडों पर फैसले हुए. कैबिनेट बैठक में हरियाणा के अंदर विधायकों को मिलने वाले मकान भत्ता को 50000 रुपए से बढ़ाकर 80000 रुपए कर दिया गया है. इसके साथ ही विधायकों का 20 हजार रुपये तक का  बिजली पानी बिल का भुगतान सरकार ही करेगी.

हरियाणा में विधायकों का मकान भत्ता बढ़ा, अब 80000 मिलेंगे
हरियाणा सरकार के कैबिनेट की बैठक हुई.

चंडीगढ़ : हरियाणा मंत्रिमंडल के विस्तार के बाद सोमवार को सरकार की कैबिनेट की पहली बैठक हुई, जिसमें 4 एजेंडों पर फैसले हुए. बैठक में 26 नवंबर को संविधान दिवस के मौके पर हरियाणा विधानसभा का एक साथ 1 दिन का सत्र बुलाए जाने का फैसला हुआ है. चंडीगढ़ में कैबिनेट मीटिंग के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि संविधान दिवस को सम्मान देने के लिए हरियाणा सरकार ने यह फैसला किया है.

बैठक में मिलरर्स की ओर से खरीदे गए धान पर निगरानी रखने के लिए एक मकैनिज्म भी बनाने पर सहमति बनी है. ताकि मिलर्स किसी तरह की गड़बड़ी ना कर सके. मुख्यमंत्री ने कहा कि अब तक हरियाणा में धान की खरीद लगभग पूरी हो चुकी है. मिलरर्स से धान से चावल बनाने की प्रकिर्या पर नज़र रखने के लिए कोई मकैनिज्म नहीं था. लेकिन अब सरकार ने एक मकैनिज्म बनाने का फैसला किया है. इससे सरकार को जरूर के हिसाब से धान समय पर मिल सके और पीडीएस के माध्यम से उसका वितरण सुनिश्चित किया जाए.

कैबिनेट की मीटिंग में विदेशों में बसे हरियाणवीयों को प्रदेश में निवेश बढ़ाने के लिए भी प्रोत्साहित करने पर फैसला हुआ है. इसके लिए अलग से ग्लोबल कॉर्पोरेशन और इंगेजमेंट विभाग बनाया जाएगा. भारतीय प्रशासनिक सेवा का एक अधिकारी इसका नोडल अधिकारी बनाया जाएगा. यह विभाग हरियाणा से विदेशों में गैरकानूनी भेजने वाले लोगों पर भी नजर रखेगा.

हरियाणा में अब तक शराब का ठेका बंद करने का अधिकार पंचायतों के पास था, लेकिन आज भी कैबिनेट की बैठक में यह फैसला जनता को भी सौंप दिया है. बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी गांव में शराब का ठेका बंद करवाने के लिए वहां के 10 फ़ीसदी मतदाता भी एक मांग पत्र पर हस्ताक्षर कर भी शराब का ठेका बंद करवा सकते है. आगामी 21 दिसंबर तक पंचायत प्रस्ताव पास करके शराब के ठेके बंद करवाने की मांग कर सकते हैं. आगामी 26 नवंबर को होने वाले 1 दिन के विधानसभा सत्र में इसके लिए कानून भी लाया जाएगा.

कैबिनेट बैठक में हरियाणा के अंदर विधायकों को मिलने वाले मकान भत्ता को 50000 रुपए से बढ़ाकर 80000 रुपए कर दिया गया है. इसके साथ ही विधायकों का 20 हजार रुपये तक का  बिजली पानी बिल का भुगतान सरकार ही करेगी.

हरियाणा में पराली जलाने के विषय में पूछे गए सवाल पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि सरकार पराली जलाने वाले किसानों को लेकर किसी भी तरह की ढिलाई बरतने के मूड में नहीं है.  100 रुपए प्रति क्विंटल बोनस और हजार रुपए प्रति एकड़ पराली प्रबंधन के लिए उन्हें किसानों को दिए जाएंगे जिन्होंने पराली नहीं जलाई है. मुख्यमंत्री ने कहा कि रविवार को हरियाणा में पराली जलाने वाले 45 किसानों के खिलाफ मामले दर्ज किए गए हैं. साथ ही उनकी गिरफ्तारियां भी हुई है.

पराली प्रबंधन पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में पांच इकाइयां है. जो पराली खरीद कर उसका वैकल्पिक प्रयोग करती है. लेकिन यह प्लांट सभी पराली को नहीं खरीद पाते. इसलिए सरकार ने इंडियन ऑयल कारपोरेशन के साथ मिलकर पानीपत में एक प्लांट लगाया है जो पानीपत सहित कई जिलों की पराली खरीदने में सक्षम होगा. मुख्यमंत्री ने मंत्री ने कहा कि रवि सीजन में हरियाणा के अंदर गेहूं बिजाई का पंजीकरण जारी है. जो 20 नवंबर तक चलेगा. इसके बाद कृषि और रेवेन्यू विभाग से डाटा मांग कर इसका मिलान किया जाएगा. 

हरियाणा के निजी क्षेत्र में 75 फ़ीसदी युवाओं के लिए आरक्षित करने के मुद्दे पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे नियम पहले भी है. लेकिन इन्हें सख्ताई से लागू करने का कोई कानून नहीं है. हरियाणा के युवाओं को रोजगार देने का नियम चेंज इन लैंड यूज़ में भी है. सरकार ने 75 फ़ीसदी आरक्षण लागू करने के लिए उद्योग विभाग से डाटा मांगा है. उसके आने के बाद ही सरकार फैसला लेगी.

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