विभागीय तनाव से परेशान होकर RML की डॉक्टर ने फांसी लगाकर की आत्महत्या

पुलिस ने बताया कि मौके से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें डॉक्टर ने आत्महत्या के पीछे विभागीय तनाव को कारण बताया है.

विभागीय तनाव से परेशान होकर RML की डॉक्टर ने फांसी लगाकर की आत्महत्या
प्रतीकात्मक तस्वीर

नई दिल्ली: केंद्र सरकार के एक सरकारी अस्पताल की 52 वर्षीय एक डॉक्टर ने यहां नोर्थ एवेन्यू स्थित अपने निवास पर बुधवार (06 फरवरी) को फांसी लगाकर कथित रूप से खुदकुशी कर ली. पुलिस के अनुसार उसकी पहचान राम मनोहर लोहिया अस्पताल की कंसलटेंट रेडियोलोजिस्ट पूनम वोहरा के रूप में हुई है. नोर्थ एवेन्यू पुलिस को एक बजे इसकी खबर मिली, जिसके बाद वह मौके पर पहुंची. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के अनुसार जांच में सामने आया है कि वोहरा छुट्टी पर थीं.

पुलिस ने बताया कि उनके पति और दो बच्चे घटना के समय मौके पर नहीं थे. फ्लैट अंदर से बंद था. आज शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा. पुलिस ने बताया कि मौके से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें डॉक्टर ने आत्महत्या के पीछे विभागीय तनाव को कारण बताया है. पुलिस अधिकारी के अनुसार कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है. 

 

मृतक के परिजनों ने बताया कि घटना के वक्त में कोई नहीं था. पति घर लौटा, तो फ्लैट अंदर से बंद था. कई बार आवाज देने के बाद भी जब दरवाजा नहीं खोला, तो दरवाजे की कुंडी तोड़ कर, वो अंदर पहुंचे तो महिला डॉक्टर पंखे से लटकी हुई थी. घबराए पति ने आस-पास के लोगों और पुलिस को सूचना दी.

आनन-फानन में पूनम को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. मृतका के पति ने पुलिस को बताया कि वो पिछले 15 दिनों से विभागीय तनाव की शिकायत कर रही थी. वहीं, आरएमएल प्रबंधन का कहना है कि मृतक डॉक्टर पूनम वोहरा ने कभी भी विभागीय तनाव की शिकायत नहीं की.