close

खास खबरें सिर्फ आपके लिए...हम खासतौर से आपके लिए कुछ चुनिंदा खबरें लाए हैं. इन्हें सीधे अपने मेलबाक्स में प्राप्त करें.

राज ठाकरे से पूछताछ के बाद MNS का ED से सवाल- मराठी में क्यों नहीं है दफ्तर का बोर्ड

एमएनएस प्रमुख राज ठाकरे से गुरुवार को प्रवर्तन निदेशालय के मुंबई दफ्तर में करीब साढे आठ घंटे पूछताछ हुई थी. 

राज ठाकरे से पूछताछ के बाद MNS का ED से सवाल- मराठी में क्यों नहीं है दफ्तर का बोर्ड
एमएनएस चीफ राजठाकरे से ईडी ने गुरुवार को की थी पूछताछ (फाइल फोटो)

मुंबई: एमएनएस चीफ राज ठाकरे की पार्टी हमेशा कुछ नया करने के पैंतरें करती रहती हैं. शुक्रवार को महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना ने जांच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को घेर लिया है. दरअसल एमएनएस ने ईडी से मांग की है कि उसके मुंबई के दफ्तर पर साईन बोर्ड पर मराठी भाषा में आफिस का नाम लिखा जाए. बता दें एमएनएस प्रमुख राज ठाकरे से गुरुवार को प्रवर्तन निदेशालय के मुंबई दफ्तर में करीब साढे आठ घंटे पूछताछ हुई थी. 

राज ठाकरे की पार्टी ने बाकायदा ईडी और मुंबई के जिला कलेक्टर को खत लिखकर ईडी दफ्तर पर मराठी भाषा में लिखने की मांग की है. फिलहाल दक्षिण  मुंबई स्थित  ईडी दफ्तर के बाहर लगे साईन बोर्ड पर हिंदी और अंग्रेजी भाषाओं में ही आफिस का नाम लिखा हुआ है. 

राज ठाकरे की पार्टी महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के ट्विटर हैंडल पर ई.डी. आफिस के बाहर की तस्वीर भी ट्वीट की गई है और इसे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री कार्यालय को भी टैग किया गया है. एम.एन.एस. से महाराष्ट्र सरकार के मराठी भाषा विभाग से सवाल किया है कि आखिर सरकार इडी की इस गलती पर क्या कारवाई करेगी? दरअसल महाराष्ट्र में सरकारी दफ्तरों के साईनबोर्डों  पर मराठी भाषा में लिखना जरुरी है. 

MNS questions why is sign board of ED not in Marathi

राज ठाकरे मराठी भाषा को सूबे में पूरी तरह लागू करने को लेकर खासे आक्रामक रहे हैं. महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना ने मराठी भाषा को लेकर सूबे में कई आंदोलन किए थे.
मराठी मानुस के मुद्दे पर राज ठाकरे की पार्टी ने मुंबई में कई आंदोलन किए थे. और कई आंदोलन खासे हिंसक रहे थे और राज ठाकरे को हवालात तक की हवा खानी पड़ी थी.

एमएनएस प्रमुख राज ठाकरे से गुरुवार को प्रवर्तन निदेशालय के मुंबई दफ्तर में करीब साढे आठ घंटे पूछताछ हुई थी. राज ठाकरे को मुंबई की कोहिनूर मिल्स की नीलामी और इस खरीद फरोख्त में कथित मनी लॉन्ड्रिंग की ईडी की जारी जांच के सिलसिले में पेशी हुई थी. इस मामले में महाराष्ट्र के पूर्व सीएम मनोहर जोशी के बेटे उन्मेश जोशी से भी पूछताछ हो चुकी है. उन्मेश जोशी राज ठाकरे के बिजनेस पार्टनर हैं.