केजरीवाल के शपथ ग्रहण में शिक्षकों की मौजूदगी जरूरी नहीं, विरोध के बाद कदम वापस लिए

विशेष मेहमान बताएंगे अपने क्षेत्र में किये गए कार्य का अनुभव: मनीष सिसोदिया

केजरीवाल के शपथ ग्रहण में शिक्षकों की मौजूदगी जरूरी नहीं, विरोध के बाद कदम वापस लिए
अरविंद केजरीवाल कल लेंगे मुख्यमंत्री की शपथ- मनीष सिसोदिया

नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) रविवार को तीसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे. शपथ ग्रहण समारोह में शिक्षकों के अनिवार्य रूप से शामिल करने के आदेश पर दिल्ली सरकार ने यू-टर्न ले लिया है. अब शिक्षकों की उपस्थिति को स्वैच्छिक कर दिया गया है. चौतरफा विरोध के बाद दिल्ली सरकार ने अपने कदम पीछे खींच लिए हैं. 

इस बार मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जी के मंच पर सफाई कर्मचारी, डॉक्टर, बाइक एम्बुलेंस राइडर्स, वर्कर्स, इंजीनियर्स समेत विभिन्न विभागों में योगदान देने वाले 50 दिल्ली के निर्माता भी मौजूद रहेंगे. दिल्ली के हर एक आदमी का एक सपना है कि हमारी दिल्ली इस तरह की होनी चाहिए, उसे उनके सहयोग से आगे बढ़ाया जाएगा. उन सपनों के निर्माता अपने अपने क्षेत्र के कार्य को रिप्रजेंट करते हुए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जी के साथ रहेंगे.

मनीष सिसोदिया ने पार्टी मुख्यालय में हुई एक प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि अरविंद केजरीवाल ऐतिहासिक जीत के बाद कल मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे. मुख्यमंत्री के साथ पूरा मंत्रिमंडल शपथ लेगा. हम बार-बार कह रहे हैं कि यह आम आदमी की बड़ी जीत है. जिन्होंने केजरीवाल मॉडल ऑफ गवर्नेंस और केजरीवाल मॉडल ऑफ डेवलेपमेंट को जिताया है. यह दिल्ली के उन लोगों की जीत है, जो दिल्ली को लेकर सपना देखते हैं. जो लोग दिल्ली को बनाते हैं, जो लोग दिल्ली को चलाते हैं. यह उनकी जीत है. उनको एक करप्शन फ्री गवर्नेंस मिली. उनको एक मददगार सरकार मिली. इसलिए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जी ने यह तय किया कि कल जब शपथ ग्रहण होगा, उस वक्त उनके मेहमान भी वही लोग हॉग होंगे, जिन्होंने दिल्ली को बनाया है. जिनके साथ मिल कर पिछले पांच साल तक मुख्यमंत्री ने दिल्ली को चलाया है और उनके साथ अगले 5 साल भी दिल्ली को मिल कर चलाना है, आगे बढाना है.

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उन्होंने कहा कि दिल्ली के उद्योगपति, व्यापारी, दुकानदार, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स वकील, पत्रकार, खिलाड़ी, छात्र, बस ड्राइवर, दिल्ली के सफाई कर्मी, सामाजिक कार्यकर्ता व हर प्रोफेशन के लोग हैं. इन सबको लेकर पिछले पांच साल तक आगे बढ़ाया है और अगले पांच साल भी इन्ही लोगों को लेकर केजरीवाल सरकार आगे बढ़ेगी. इसलिए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जी ने पूरी दिल्ली को खुला निमंत्रण दिया है कि आप लोग आएं. हर सेक्टर से लोग आ रहे हैं. इन सेक्टर्स से करीब 50 लोग रहेंगे.

शिक्षा का क्षेत्र चुनाव में बड़ा मुद्दा रहा है. इसलिए शिक्षा से जुड़े लोग रहेंगे. शिक्षक रहेंगे. काफी शिक्षकों के फोन आ रहे हैं और वो कह रहे हैं कि हम भी शपथ ग्रहण समारोह में आएंगे. काफी हेड ऑफ स्कूल्स रहेंगे. 50 विशेष मेहमान होंगे. यह विशेष मेहमान मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के साथ स्टेज पर उपस्थित रहेंगे. दिल्ली के निर्माता में विशेष रूप से हेड ऑफ स्कूल बैठेंगे, स्कूल के पियून को बैठाया जाएगा. जो स्कूल की साफ सफाई से लेकर व्यवस्था देखते हैं.

सिसौदियों ने बताया कि जिन छात्रों को जय भीम योजना का जिन छात्रों को लाभ मिला है और पढ़ाई पूरी करके आगे चल कर दिल्ली के विकास में बड़ा योगदान करेंगे. छात्रों का प्रजेंटेशन भी होगा. सरकारी स्कूलों के बच्चे जो पहले कभी ओलंपियाड का नाम नहीं जानता था कि ओलम्पियाड क्या होता है, लेकिन पिछले 5 साल में शिक्षकों व बच्चों की मेहनत से स्थितियां यहां तक पहुंची की दिल्ली की सरकारी स्कूलों के बच्चे न सिर्फ ओलम्पियाड में भाग लेने गए, बल्कि मास्को से मेडल जीत कर आये और भारतीय तिरंगा फहरा कर आये. यह बच्चे दिल्ली के बच्चों को रिप्रजेंट करेंगे.

मनीष सिसोदिया ने कहा कि मोहल्ला क्लिनिक के डॉक्टर्स भी रहेंगे. जो पूरे डॉक्टर्स को रिप्रजेंट करेंगे. बाइक एम्बुलेंस जो चलते हैं, जिन्होंने पिछले कुछ सालों में गली गली में जाकर सेवा की है. बाइक एम्बुलेंस का राइडर भी रिप्रजेंटेटिव के रूप में उपस्थित रहेगा. दिल्ली का हर व्यक्ति कही न कही हर व्यक्ति की मदद करता है, लेकिन हमने देखा है कि कोई व्यक्ति गाड़ी से जा रहे है और किसी बाइक सवार का स्टैंड खुला रहता है तो गाड़ी सवार कहता है कि अपना स्टैंड ठीक कर लो. यह क्या है? यह दिल्ली के अंदर रहने वाले हर व्यक्ति के अंदर बैठा फरिश्ता है. उस फरिस्ते को और मजबूत करने के लिए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पिछले कार्यकाल में फरिश्ते योजना लेकर आई. इस योजना के तहत बहुत सारे लोगों ने ससमय रहते हुए हिम्मत करके मदद की और बहुत सारे लोगों की जान बचाई. उस अनुभव का जो दिल्ली के हर व्यक्ति के अंदर फ़रिस्ते है, उस अनुभव को प्रतिनिधि के रूप में रिप्रजेंट करेंगे.
 
फायर फाइटर्स की फैमिली, उन जवानों की फैमिली जो अपनी जान गंवाई, जिनको मुख्यमंत्री जी की योजना के तहत एक एक करोड़ रुपये की सम्मान राशि उस दौरान दी गई, उनका भी रिप्रजेंटेशन रहेगा. दिल्ली के सफाई कर्मियों का भी रिप्रजेंटेशन रहेगा. ट्रांसपोर्ट सेक्टर्स से बस मार्शल जो सरकारी बसों में पहला प्रयोग किया गया कि महिलओं की सुरक्षा के लिए बस मार्शल लगाए जाएं. और उसके सकारात्मक नतीजे भी निकले. कई बस मार्शल ने बहादुरी के साथ जिस तरह की वारदातों को होने से पहले ही रोक लिया. बस मार्शल का रिप्रजेंटेशन होगा. बस व मेट्रो ड्राइवर, बस कंडक्टर, ऑटो ड्राइवर भी रिप्रजेंटेटिव के रूप में मुख्यमंत्री जी के साथ रहेंगे.

इसी तरह से इंफ्रास्ट्रक्चर से सिग्नेचर ब्रिज बनाने वाले आर्किटेक्ट वहां पर एक मेहमान के रूप में होंगे. पूरी दिल्ली में अनाधिकृत कालोनियों में पूरे पांच साल तक काम करने वाले इंजीनियर्स, वर्कर्स भी रहेंगे. इसी तरह से आने वाले वर्कर्स और डोर टू डोर स्टेप डिलीवरी शुरू की गई और हजारों लोगों के घरों तक सरकार की सेवाओं को पहुंचाया, रिप्रजेंटेटिव के रूप में वे भी होंगे. दिल्ली के किसान भी वहां होंगे.

यह सपना है एक आम आदमी की सरकार का बनना. यह सपना केजरीवाल जी व मंत्रियों का नहीं है. आम आदमी पार्टी का नहीं है, बल्कि दिल्ली के हर आदमी का सपना है कि हमारी दिल्ली इस तरह की होनी चाहिए. उन सपनों के दिल्ली के निर्माता अपने अपने क्षेत्र को कार्य को, रिप्रजेंट करते हुए मेहमान के रूप में कल मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जी के साथ रहेंगे. इन्हीं के साथ मिल कर 5 साल में दिल्ली को आगे बढ़ाया है और इन्ही के साथ मिल कर अगले 5 साल आगे बढ़ाएंगे.