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अरुण जेटली के परिवार से मिले पीएम नरेंद्र मोदी, व्यक्त की संवेदना

लंबे समय से बीमारी से जूझ रहे अरुण जेटली शनिवार (24 अगस्त) को दिल्ली स्थित एम्‍स में अंतिम सांस ली थी.  25 अगस्त को दिल्ली के निगम बोध घाट पर उनका अंतिम संस्कार हुआ जिसमें देश के तमाम बड़े नेता पहुंचे थे.

अरुण जेटली के परिवार से मिले पीएम नरेंद्र मोदी, व्यक्त की संवेदना

नई दिल्लीः तीन देशों के विदेश दौरे से लौटते ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सबसे पहले दिवंगत अरुण जेटली  के परिवार से मिलने उनके घर पहुंचे. पीएम के साथ गृह मंत्री अमित शाह भी मौजूद रहे. पीएम मोदी ने अरुण जेटली की पत्नी संगीता, बेटे रोहन और बेटी से मुलाकात की. सबसे पहले पीएम मोदी ने अरुण जेटली की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया. इसके बाद पीएम मोदी जेटली के परिवार के साथ बैठे. इस दौरान अमित शाह भी मौजूद रहे.

बता दें अरुण जेटली के निधन के समय विदेश दौरे पर होने की वजह से पीएम मोदी भारत में नहीं थे.

 हालांकि पीएम मोदी ने जेटली के परिवारजनों से फोन पर बात की थी. उन्‍होंने अरुण जेटली की पत्‍नी और बेटे से फोन पर बातकर गहरा दुख जताया है. अरुण जेटली के परिवार ने अपील की थी कि पीएम मोदी अपना विदेश दौरा रद्द ना करें. इसके बाद पीएम मोदी को बहरीन और फ्रांस भी जाना था. पीएम तीन देशों की विदेश यात्रा से आज सुबह भारत लौट आए. 

जेटली के निधन की खबर पीएम मोदी को यूएई में मिली थी.उन्‍होंने अरुण जेटली के निधन को एक बहुत बड़ी हानि बताते हुए अपने जीवन से एक मित्र के जाने की बात कही थी.पीएम मोदी ने कहा अरुण जेटली का राष्‍ट्र निर्माण में अहम योगदान है. मैंने उनके रूप में दोस्‍त को खो दिया है. अरुण जेटली जी राजनीतिक दिग्‍गज थे. पीएम मोदी ने कहा कि जेटली जी ने कई बड़ी जिम्‍मेदारियां निभाईं. हमें हमेशा उनकी कमी खलेगी. अरुण जेटली जैसी समझ बहुत कम नेताओं में है.

बहरीन में बोले पीएम मोदी - मेरा दोस्‍त अरुण चला गया, मेरे अंदर गहरा शोक
पीएम मोदी ने बहरीन में अरुण जेटली को याद करते हुए कहा, मैं यहां बहुत बड़ा शोक दबाए खड़ा हूं. आज भारत में जन्‍माष्‍टमी की धूम है, लेकि‍न मेरे अंदर गहरा शोक है. कुछ दिन पहले बहन सुषमा चली गईं, और अब मेरा दोस्‍त अरुण चला गया. मैंने अपने सबसे अजीज मित्र को खो दिया. मैं कर्तव्‍य से बंधा हूं, इसलिए दोस्‍त के जाने का दुख है. मैं बहरीन की धरती से भाई अरुण को श्रद्धांज‍ल‍ि देता हूं. 

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बता दें कि लंबे समय से बीमारी से जूझ रहे अरुण जेटली शनिवार (24 अगस्त) को दिल्ली स्थित एम्‍स में अंतिम सांस ली. पिछले कई दिनों से अरुण जेटली को एक्‍स्‍ट्राकारपोरल मेंब्रेन ऑक्‍सीजनेशन (ECMO) और इंट्रा ऐरोटिक बैलून (IABP) सपोर्ट पर रखा गया था. जेटली का अंतिम संस्कार 25 अगस्त को दिल्ली के निगम बोध घाट पर हुआ.