एमबी रोड पर दिल्ली पुलिस का शूटआउट, कार्बाइन समेत गैंगस्टर अरेस्ट

37 साल के हरेंद्र ने अपने दुश्मन भू-माफिया मोती गोयल की हत्या की साजिश रची और अमित और राहुल को दस लाख की सुपारी दी थी

एमबी रोड पर दिल्ली पुलिस का शूटआउट, कार्बाइन समेत गैंगस्टर अरेस्ट
पुलिस को हरेंद्र प्रधान की तलाश मोती गोयल की हत्या के बाद से ही थी

प्रमोद शर्मा, नई दिल्ली: नोएडा में हुए भू माफिया मोती गोयल हत्याकांड में दिल्ली पुलिस ने हत्या की साजिश रचने वाले हरेंद्र नागर उर्फ हरेंद्र प्रधान को एक एनकाउंटर के बाद महरौली बदरपुर रोड पर गिराफ्तार कर लिया है. पुलिस ने उसके पास से एक कार्बाइन समेत पिस्टल और दस जिंदा कारतूस भी बरामद किए हैं. जानकारी के मुताबिक 37 साल के हरेंद्र ने अपने दुश्मन भू-माफिया मोती गोयल की हत्या की साजिश रची और अमित और राहुल को दस लाख की सुपारी दी थी. जिसके बाद राहुल और अमित ने 16 अप्रैल को मोती गोयल की उस वक्त गोली मार कर हत्या कर दी जब वह नोएडा के भंगेल की विवादित प्रॉपर्टी पर बैठा था. 

पुलिस ने रोका तो चला दी गोली
इस बारे में जानकारी देते हुए दिल्ली दक्षिण-पूर्व के डीसीपी चिन्मय बिस्वाल ने कहा, "ये काफी खतरनाक गैंगस्टर है. हमें उसके महरौली के पास आने की सूचना थी. इसको जब रोका गया तो इसने अपनी कार्बाइन से पुलिस पार्टी पर गोली चलाई. जवाबी कार्रवाई के बाद पुलिस ने इसे गिरफ्तार कर लिया."

पहले दोनों थे पार्टनर फिर हो गई दुश्मनी
बताया जा रहा है कि नोएडा पुलिस को हरेंद्र प्रधान की तलाश मोती गोयल की हत्या के बाद से ही थी जब 16 अप्रैल को राहुल और अमित ने मोती गोयल की गोली मारकर हत्या कर दी थी. आपको बता दें कि नोएडा पुलिस राहुल और अमित को जब गिराफ्तार कर रही थी उस वक्त भी हरेंद्र प्रधान पुलिस पर फायरिंग करके फरार हो गया था. बताया जाता है कि हरेंद्र पहले कभी जमीन कब्जाने में मोती गोयल का पार्टनर था. लेकिन भंगेल के एक प्लॉट को लेकर दोनों में दुश्मनी हो गई थी. हरेंद्र के ऊपर हत्या, रंगदारी, जमीन कब्जा करने के दर्जनों मामले दर्ज हैं.