PM मोदी से मिलीं जामिया विश्वविद्यालय की कुलपति, शताब्दी महोत्सव के लिए मांगा अनुदान

मुलाक़ात के दौरान पीएम नरेंद्र मोदी ने जामिया विश्वविद्यालय में मेडिकल कॉलेज-कम-हॉस्पिटल स्थापित करने में भी हर मदद मुहैया कराने का भरोसा दिलाया.

PM मोदी से मिलीं जामिया विश्वविद्यालय की कुलपति, शताब्दी महोत्सव के लिए मांगा अनुदान
प्रधानमंत्री ने जामिया के उच्च स्तरीय अकादमिक और अनुसंधान कार्यों की सराहना करते हुए, अपनी सरकार के शिक्षा संबंधी उद्देश्यों और लक्ष्यों को रेखांकित किया.

नई दिल्ली: जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय की कुलपति नजमा अख़्तर ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाक़ात की. इस दौरान जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय में अगले साल मनाए जाने वाले शताब्दी महोत्सव को लेकर चर्चा हुई. मुलाक़ात के दौरान कुलपति ने पीएम से महोत्सव के लिए विशेष अनुदान देने का आग्रह किया, जिस पर पीएम ने आश्वासन दिया कि इसको लेकर सकारात्मक विचार किया जाएगा.

नज़मा अख्तर के जामिया की कुलपति बनने के बाद पीएम मोदी से ये उनकी पहली मुलाकात थी. मुलाक़ात के दौरान पीएम नरेंद्र मोदी ने जामिया विश्वविद्यालय में मेडिकल कॉलेज-कम-हॉस्पिटल स्थापित करने में भी हर मदद मुहैया कराने का भरोसा दिलाया. अख़्तर ने प्रधानमंत्री को जामिया की अकादमिक और अनुसंधान संबंधी गतिविधियों के बारे में जानकारी देने के साथ ही, अगले साल होने जा रहे विश्वविद्यालय के शताब्दी महोत्सव के बारे में बताया. इस महोत्सव के लिए उन्होंने, जामिया को विशेष अनुदान देने का आग्रह किया. प्रधानमंत्री ने उन्हें आश्वासन दिया कि उनके इस आग्रह पर सकारात्मक विचार किया जाएगा.

प्रधानमंत्री ने जामिया के उच्च स्तरीय अकादमिक और अनुसंधान कार्यों की सराहना करते हुए, अपनी सरकार के शिक्षा संबंधी उद्देश्यों और लक्ष्यों को रेखांकित किया. इस दौरान राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जामिया की रैंकिंग में हो रहे लगातार सुधार से भी पीएम पूरी तरह वाक़िफ़ नज़र आए. 

कुलपति ने प्रधानमंत्री को भरोसा दिलाया कि वह गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और छात्रों में राष्ट्र निर्माण की भावना को बढ़ावा देते हुए, जामिया में, सरकार के शिक्षा संबंधी उद्देश्यों और लक्ष्यों को पूरा करने की हर मुमकिन कोशिश करेंगी. प्रधानमंत्री ने कुलपति अख़्तर के नेतृत्व और उनकी कार्यशैली की सराहना की, जिसमें वह शैक्षिक एवं गैर शैक्षिक, दोनों स्टाफ में, प्रोफेशनल क़ाबिलियत और क्षमता के हिसाब से ज़िम्मेदारियां सौंपती हैं.

गौरतलब है कि प्रो अख़्तर ने राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद से भी एक जुलाई, 2019 को मुलाक़ात की थी और उन्हें विश्वविद्यालय के अकादमिक एवं अनुसंधान कार्यों की गुणवत्ता में और ज़्यादा सुधार किए जाने के लिए, हाल में उठाए गए क़दमों के बारे में अवगत कराया था.