)
Delhi News: दिल्ली के उपराज्यपाल (LG) तरनजीत सिंह संधू ने मंगलवार को नवजीवन विहार का दौरा किया और प्रेरणा देने वाले और बहुत सफल 'जीरो वेस्ट कॉलोनी' मॉडल का रिव्यू किया. इस दौरे के दौरान LG ने कॉलोनी के रिड्यूस-रीयूज-रीसाइकिल (RRR) सेंटर, डीसेंट्रलाइज्ड एरोबिक कम्पोस्टिंग यूनिट्स, सोर्स-सेग्रीगेशन के सख्त तरीकों और स्थानीय तौर पर लगाए गए रेनवॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम का अच्छे से निरीक्षण किया.
इसे दिल्ली के सबसे अच्छे तरीकों में से एक बताते हुए LG ने इस शानदार कम्युनिटी-ड्रिवन पहल की तारीफ की, जिसमें दिखाया गया है कि कैसे मिलकर नागरिक जिम्मेदारी एक साफ, हराभरा और ज्यादा टिकाऊ शहरी माहौल बना सकती है.
Visited Navjeevan Vihar today, an inspiring model of a ‘Zero Waste Colony’ in the capital. Inspected their Reduce-Reuse-Recycle (RRR) Centre, decentralized composting units, source-segregation mechanisms, and the locally installed rainwater harvesting system.
This remarkable… pic.twitter.com/W4cDhBFx5o
— LG Delhi (@LtGovDelhi) June 23, 2026
इस सफलता को बढ़ाने की तुरंत जरूरत पर जोर देते हुए LG ने MCD को निर्देश दिया कि वह दूसरे रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWAs) को इस सेल्फ-सस्टेनिंग मॉडल को अपनाने के लिए एक्टिव रूप से बढ़ावा दें और सपोर्ट करें. बराबर विकास पक्का करने के लिए उन्होंने MCD को निर्देश दिया कि वह कमजोर कॉलोनियों में भी ऐसे डीसेंट्रलाइज्ड जीरो-वेस्ट और कम्पोस्टिंग प्रोजेक्ट्स को दोहराने के लिए डेडिकेटेड फंडिंग सिस्टम तलाशे.
इसके अलावा LG ने निर्देश दिया कि इन इलाकों में एरोबिन और RRR सेंटर जैसे जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर बनाने के लिए कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) फंडिंग का सिस्टमैटिक तरीके से इस्तेमाल किया जाना चाहिए.
LG ने कहा कि सरकारी एजेंसियां जनता के सक्रिय योगदान और नागरिकों में गहरी ओनरशिप की भावना के बिना सस्टेनेबल वेस्ट मैनेजमेंट हासिल नहीं कर सकती हैं. उन्होंने टीम स्पिरिट के महत्व पर जोर दिया और कहा कि कचरे से दौलत तक का सफर घर से शुरू होता है. यह कहते हुए कि जब हमारे अपने लोगों से ऐसे बेस्ट प्रैक्टिस सामने आ रहे हैं तो समाधान के लिए दूसरे शहरों या देशों की ओर देखने की कोई जरूरत नहीं है, LG ने दिल्ली भर के RWA से घरेलू लेवल पर सोर्स सेग्रीगेशन को प्राथमिकता देने का आग्रह किया.
LG ने RWA और स्थानीय निवासियों के समर्पित प्रयासों की बहुत तारीफ की. उन्होंने संतोष के साथ कहा कि समुदाय के सक्रिय नेतृत्व में कॉलोनी ने लगभग आठ सालों तक इस डीसेंट्रलाइज्ड मॉडल को बनाए रखा है और दिल्ली के ज्यादा बोझ वाले लैंडफिल साइटों से 10 लाख किलोग्राम से ज्यादा कचरे को सफलतापूर्वक हटाया है. सरकार के कमिटमेंट को दोहराते हुए LG ने कहा कि ऐसे मिलकर किए जाने वाले RWA के कामों को पूरे इंस्टीट्यूशनल सपोर्ट और मदद की जरूरत है. उन्होंने सभी स्टेकहोल्डर्स से अपील की कि वे अपने कानूनी और एनवायरनमेंटल मैंडेट को पहचानें, रिसोर्स का सोच-समझकर इस्तेमाल करें और एक सुरक्षित, सबको साथ लेकर चलने वाली और वर्ल्ड-क्लास विकसित दिल्ली बनाने के लिए मिलकर काम करें.