श्रीराम का 'टेंटवास' ख़त्म, मंदिर निर्माण शुरू! त्रैतायुग वाली कल्पना अयोध्या में होगी साकार

. राम मंदिर पर ट्रस्ट को लेकर केंद्र सरकार ने काम भी शुरू कर दिया है. अब इस ट्रस्ट में कौन होगा, ट्रस्ट का स्वरूप कैसा होगा, जल्द ही इसकी फाइनल तस्वीर सामने आएगी. 

श्रीराम का 'टेंटवास' ख़त्म, मंदिर निर्माण शुरू! त्रैतायुग वाली कल्पना अयोध्या में होगी साकार
राम मंदिर पर ट्रस्ट का गठन होने के साथ ही निर्माण का काम तत्काल शुरू हो जाएगा

अयोध्या: राम मंदिर पर सुप्रीम कोर्ट के ऐतिहासिक फैसले को आज एक सप्ताह पूरा हो गया. सदियों से अयोध्या विवाद ने देश को उलझाए रखा था लेकिन पिछले शनिवार को सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले से वो विवाद पूरी तरह से समाप्त हो गया. साथ ही फूट गया वो बुलबुला जिसे कुछ राजनीतिक दलों ने अपने-अपने फायदे के लिए बनाया था. सात दिन पहले सुप्रीम कोर्ट ने राम मंदिर पर फैसला सुनाया तो देश में एकता और सौहार्द की नई मिसाल कायम हुई. 

ट्रस्ट करेगा राम मंदिर निर्माण
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को राम मंदिर निर्माण और संचालन के लिए ट्रस्ट बनाने की जिम्मेदारी केंद्र सरकार को सौंप दी है और इसके लिए 3 महीनों की डेडलाइन भी तय कर दी है. राम मंदिर पर ट्रस्ट को लेकर केंद्र सरकार ने काम भी शुरू कर दिया है. अब इस ट्रस्ट में कौन होगा, ट्रस्ट का स्वरूप कैसा होगा, जल्द ही इसकी फाइनल तस्वीर सामने आएगी. राम मंदिर पर ट्रस्ट का गठन होने के साथ ही निर्माण का काम तत्काल शुरू हो जाएगा और अगले कुछ सालों में दुनिया के सामने राम की नगरी में राम का भव्य मंदिर
होगा.

अद्भुत होगा रामलला का मंदिर
रामलला के प्रस्तावित मंदिर के आर्किटेक्ट चंद्रकांत सोमपुरा ने ज़ी मीडिया को राम मंदिर से जुड़ी सभी जानकारियां दी हैं. उनके पास वो मॉडल भी मौजूद है जिसमें राम मंदिर के अलावा पूरे क्षेत्र का नक्शा नजर आ रहा है. चंद्रकांत सोमपुरा कई मंदिरों को निर्माण कर चुके हैं लेकिन अयोध्या में बनने वाला राम मंदिर भव्यतम होगा. इसकी उन्हें पूरी उम्मीद है. आर्किटेक्ट चंद्रकांत सोमपुरा ने कहा, "मानी हूई बात है ये मंदिर विश्व में सबसे बड़ा होना भी चाहिए. राम जन्मभूमि का मंदिर है. आस्था का विषय भी है और शिल्प शास्त्र काविषय है ऐसा मंदिर कोई विश्व में मिलेगा नहीं."  कुल मिलाकर अयोध्या में बनने वाले राम मंदिर की छटा ऐसी होने वाली है जिसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती. अब राम भक्तों को भी इंतज़ार है कब वो रामलला को अपने भव्य मंदिर में विराजमान देखेंगे. 

राम मंदिर में ये खूबियां होंगी
श्रीराम मंदिर 2 मंज़िला भवन होगा. रामकथा कुंज 45 एकड़ में बनेगा. 4 दरवाज़ों का चौखट होगा. मंदिर की लंबाई 268 फीट होगी. मंदिर की चौड़ाई 140 फीट, ऊंचाई 128 फीट होगी. राम मंदिर में 212 स्तंभ होंगे. पहली मंजिल में 106 स्तंभ होंगे. हर स्तंभ में 16 मूर्तियां होंगी. मंदिर में 2 चबूतरे होंगे. राम मंदिर में सिंह द्वार होगा. नृत्य मंडप, रंग मंडप होंगे. कोली, गर्भ गृह होंगे. परिक्रमा मार्ग की चौड़ाई 10 फीट होगी.