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तरुण विजय के बयान पर हंगामा, राजनाथ ने कहा- माफी के बाद सवाल उठाना बेमानी

 दक्षिण भारतीयों को लेकर भाजपा नेता तरण विजय की टिप्पणी का विरोध करते हुए कांग्रेस ने आज लोकसभा में आरोप लगाया कि ऐसे बयान से देश की अखंडता प्रभावित होती है और सरकार बताए कि इस मामले में क्या कार्रवाई हो रही है. केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि पूर्व राज्यसभा सदस्य के माफी मांगने के बाद यहां यह सवाल उठाने का कोई औचित्य नहीं है.

तरुण विजय के बयान पर हंगामा, राजनाथ ने कहा- माफी के बाद सवाल उठाना बेमानी
बीजेपी नेता तरूण विजय की टिप्पणी को लेकर कांग्रेस सदस्यों ने भारी हंगामे किया. (फाइल फोटो)

नई दिल्ली : दक्षिण भारतीयों को लेकर भाजपा नेता तरण विजय की टिप्पणी का विरोध करते हुए कांग्रेस ने आज लोकसभा में आरोप लगाया कि ऐसे बयान से देश की अखंडता प्रभावित होती है और सरकार बताए कि इस मामले में क्या कार्रवाई हो रही है. केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि पूर्व राज्यसभा सदस्य के माफी मांगने के बाद यहां यह सवाल उठाने का कोई औचित्य नहीं है.

और पढ़ें: बीजेपी नेता तरुण विजय नस्लीय टिप्पणी करने पर बुरे फंसे, मांगी माफी

मल्लिकार्जुन खड़गे ने उठाया मुद्दा 

लोकसभा में शून्यकाल में इस विषय को उठाते हुए सदन में कांग्रेस के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि भारत जैसे धर्मनिरपेक्ष और विविधता में एकता वाले देश में कुछ लोग जातिवादी, नस्लवादी बयानों से देश की अखंडता और धर्मनिरपेक्षता को प्रभावित कर रहे हैं. उन्होंने पूर्व राज्यसभा सांसद तरण विजय के बयान का जिक्र करते हुए कहा कि भाजपा की विचारधारा पर 15 से 20 किताबें लिख चुके और कई अखबारों में नियमित स्तंभ लिखने वाले व्यक्ति ने एक टीवी इंटरव्यू में दक्षिण भारतीयों के खिलाफ नस्लभेदी बयान दिया है.

खड़गे ने कहा, ‘वह कोई सामान्य कार्यकर्ता नहीं हैं. इस विचारधारा को रंग-रूप देने में उनका बड़ा हाथ है. वह ऐसी बात कर रहे हैं.’’ स्वयं कर्नाटक से ताल्लुक रखने वाले कांग्रेस सांसद ने कहा, ‘क्या दक्षिण भारत में रहने वाले लोग इस देश के नागरिक नहीं हैं. क्या हम भारतीय नहीं हैं. वह क्या जर्मनी से आये हैं. वो क्या हिटलर के वंशज हैं.’ उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे बयानों से देश को बांटने का प्रयास किया जा रहा है. यह आपकी मानसिकता को दर्शाता है. ऐसा लगता है कि सरकार ऐसे लोगों का समर्थन कर रही है.

खड़गे ने कार्रवाई की मांग की

खड़गे ने कहा कि सरकार को बताना चाहिए कि वह इस मामले में क्या कार्रवाई कर रही है. क्या प्राथमिकी दर्ज कराई गयी है. उन्होंने यह भी कहा कि पूर्व राज्यसभा सांसद अपमानित करने के बाद कह रहे हैं कि गलती हो गयी माफ कीजिए. खड़गे ने कहा कि सरकार ने यदि उचित कार्रवाई नहीं की तो हम संसद के अंदर और बाहर आंदोलन के लिए मजबूर होंगे.

हमारा देश धर्मनिरपेक्ष है: राजनाथ सिंह 

गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि हमारा देश धर्मनिरपेक्ष है. यहां किसी भी सूरत में जाति, वर्ण, धर्म और रंग के आधार पर भेद की इजाजत नहीं दी जा सकती, चाहे कोई कितनी ही बड़ी ताकत क्यों न हो. राजनाथ ने कहा कि जब उन्होंने माफी मांग ली है तो ‘इस सवाल को यहां उठाने का औचित्य नहीं है।’ गृहमंत्री ने यह भी कहा कि इन्हीं पूर्व राज्यसभा सदस्य ने यह बयान भी दिया था कि ‘‘मैं एक तमिल मां का दत्तक पुत्र हूं।’ राजनाथ ने कहा कि पूर्व सांसद ने 2015 के मानसून सत्र में संसद में कामकाज नहीं होने पर संसद के बाहर प्लेकार्ड दिखाते हुए तमिल कवि तिरवल्लुवर के रास्ते पर चलने का संदेश भी दिया था।

क्या है पूरा मामला?

उल्लेखनीय है कि हाल ही में अफ्रीकी छात्रों पर हमले के बाद नस्लभेद के आरोपों पर भारत का बचाव करते हुए भाजपा नेता तरूण विजय ने एक टीवी कार्यक्रम में कहा था, ‘ हमारे यहां अश्वेत लोग हर तरफ हैं.’ उन्होंने सवाल किया, ‘‘यदि हम नस्लभेदी होते तो हमारे साथ समूचा दक्षिण क्यों होता ?’ विजय के बयान को लेकर सोशल मीडिया पर विवाद पैदा हो गया, जिसके बाद उन्हें ट्विटर पर माफी मांगनी पड़ी थी. भाजपा नेता ने कहा था, ‘यदि हम नस्लभेदी होते तो हमारे साथ समूचा दक्षिण क्यों होता ? आप जानते हैं कि....पूरी तरह तमिल, आप केरल को जानते हैं, कर्नाटक और आंध्र को जानते हैं. हम उनके साथ क्यों रहते हैं ? हमारे यहां तो हर तरफ अश्वेत हैं.’