कठुआ गैंगरेप मामला: बच्ची के परिवार ने छोड़ा गांव, पिता बोले- मामले को सांप्रदायिक न बनाएं

स्थानीय लोगों द्वारा आरोपियों के बचाव में हो रहे प्रदर्शनों के बाद से गांव का माहौल बिगड़ गया है. इस बीच, बच्ची का परिवार कल रात गांव छोड़कर चला गया.

कठुआ गैंगरेप मामला: बच्ची के परिवार ने छोड़ा गांव, पिता बोले- मामले को सांप्रदायिक न बनाएं
बच्ची को इंसाफ दिलाने की मांग को लेकर प्रदर्शन. (फाइल फोटो)

खालिद हुसैन, श्रीनगर: कठुआ में आठ साल की बच्ची से सामूहिक बलात्कार और हत्या मामले से देशभर में रोष का माहौल है. वहीं, स्थानीय लोगों द्वारा आरोपियों के बचाव में हो रहे प्रदर्शनों के बाद से गांव का माहौल बिगड़ गया है. इस बीच, मृतक बच्ची का खौफजदा परिवार कल रात गांव छोड़कर चला गया. जी मीडिया से बातचीत में बच्ची के पिता ने कहा कि, आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद से गांव का माहोल खराब हो गया है. इसलिए वह अपनी पत्नी, बच्चों और मवेशियों को लेकर कहीं और जा रहे हैं. 

उन्होंने बताया कि, हम मई में मवेशियों को चराने के लिए उधमपुर के जंगलों में जाते हैं, लेकिन गांव में बिगड़ते माहौल को देखते हुए एक महीने पहले ही गांव छोड़कर जाने को मजबूर हैं. उन्होंने कहा कि, यह हमारे लिए एक दर्दनाक हादसा है, कृपया इसे मजहबी रंग न दें. वहीं, बच्ची की मां कुछ भी कहने की हालत में नहीं दिखीं. उसके चाचा अमजद हुसैन ने सरकार से इंसाफ की गुहार लगाई है. अमजद ने कहा कि हमारी बच्ची और परिवार को इंसाफ चाहिए. दोषियों को जल्द से जल्द सजा मिलनी चाहिए. 

गैंगरेप मामलों पर सियासत शुरू
वहीं दूसरी तरफ, कठुआ और उत्तर प्रदेश के उन्नाव में हुई गैंगरेप की घटनाओं पर सियासत शुरू हो गई है. घटनाओं के विरोध में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने गुरुवार रात 12 बजे इंडिया गेट पर कैंडल मार्च किया. तो दूसरी तरफ आईबी मंत्री स्मृति इरानी ने इसे लोगों का ध्यानाकर्षित करने वाला हथकंडा बताया. उन्होंने शुक्रवार को राहुल गांधी और प्रियंका वाड्रा पर तंज कसते हुए कहा, ''जो लोग गायत्री प्रजापति के लिए कभी वोट मांगते थे, वो इस तरह के प्रदर्शन कर अपनी राजनीति को पुख्ता करने की कोशिश कर रहे हैं.''  

मेरठ से रासना पहुंचा था गैंगरेप का आरोपी विशाल
आठ साल की बच्ची से बलात्कार और निर्मम हत्या मामले में दायर की गई चार्जशीन बेहद खौफनाक है. उसमें खुलासा हुआ है कि बच्ची को बेहोशी की दवा देकर उसे मंदिर में बधक बनाकर रखा गया. दरिंदों ने हत्या से पहले उसे कई दिन तक भूखा रखा और अपनी हवस का शिकार बनाते रहे. 

चार्जशीट में यह भी कहा गया है कि रेप के आरोपियों में से एक ने अपने चचेरे भाई विशाल जंगोत्रा को फोन पर बच्ची को अगवा करने की बात बताई और कहा कि अपनी हवस मिटाना चाहता है तो आजा. इसके बाद अगले ही दिन (12 जनवरी को) विशाल मेरठ से रासना पहुंचा और अन्य आरोपियों के साथ बच्ची से बलात्कार किया. आपको बता दें कि जम्मू कश्मीर पुलिस की अपराध शाखा ने बीते सोमवार को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में 15 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की थी. पूरी खबर यहां पढ़ें...