close

खास खबरें सिर्फ आपके लिए...हम खासतौर से आपके लिए कुछ चुनिंदा खबरें लाए हैं. इन्हें सीधे अपने मेलबाक्स में प्राप्त करें.

12 साल की बच्ची का भोपाल रेलवे स्टेशन पर हुआ था दुष्कर्म, कराया गया अबॉर्शन

भोपाल रेलवे स्टेशन में 15 सप्ताह की गर्भवती 12 वर्षीय लावारिस बच्ची का गर्भपात से मुक्ति दिलायी गयी. इस मामले में सभी छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है.

12 साल की बच्ची का भोपाल रेलवे स्टेशन पर हुआ था दुष्कर्म, कराया गया अबॉर्शन
प्रतीकात्मक तस्वीर

भोपाल: भोपाल रेलवे स्टेशन में 15 सप्ताह की गर्भवती 12 वर्षीय लावारिस बच्ची का गर्भपात से मुक्ति दिलायी गयी. इस मामले में सभी छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है. सरकारी सुल्तानिया जनाना अस्पताल भोपाल के प्रभारी अधीक्षक डॉ. करण पीपरे ने सोमवार को बताया, ‘इस बच्ची का गर्भपात रविवार को यहां करा दिया गया है. वह 15 सप्ताह की गर्भवती थी.’ उन्होंने कहा, ‘उसके स्वास्थ्य में लगातार सुधार हो रहा है. वह स्वस्थ है और अब उसे किसी प्रकार की कोई तकलीफ नहीं है. उसे दवा एवं खाना दिया जा रहा है. उसकी काउंसलिंग भी की जा रही है, ताकि उसे इस सदमे से उबर सकें.’ पीपरे ने बताया, ‘वह चिकित्सकों की निगरानी में है और तीन दिन बाद उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी जायेगी.’ 

‘रेलवे चाइल्ड लाइन’ ने इस बच्ची को तीन नवंबर को भोपाल रेलवे स्टेशन पर पाया था. वह भोपाल रेलवे स्टेशन पर पिछले कुछ महीनों से भीख मांगकर गुजारा करती थी और छह लोगों ने रेलवे स्टेशन के पास ही एक पुराने मकान में उसके साथ कथित रूप से दुष्कर्म किया, जिससे वह गर्भवती हुई थी.

उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश महिला एवं बाल विकास मंत्री अर्चना चिटनिस रविवार शाम पीड़िता से मिलने सुल्तानिया जनाना अस्पताल आईं और उन्होंने इस बच्ची से बात कर उसे समझाइश देने के साथ-साथ पूरा समर्थन देने का वादा किया.

ये भी पढ़ें: भोपाल गैंगरेप: 2 IPS अधिकारियों पर गिरी गाज, जांच के लिए SIT का गठन

इस बच्ची का गर्भपात कराने से कुछ दिन पहले अर्चना ने कहा था कि इस बच्ची के इलाज में जो भी खर्च आयेगा, उसका वहन मध्यप्रदेश सरकार करेगी. इसके अलावा, पीड़िता की शिक्षा का खर्च भी राज्य सरकार उठायेगी.

वहीं, पुलिस अधीक्षक रेल :भोपाल: रूचि वर्धन मिश्रा ने आज ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ‘‘इस बच्ची से बलात्कार करने वाले सभी छह आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है. इनमें से तीन वयस्क हैं और तीन नाबालिग हैं.’’ रूचि ने कहा, ‘‘आरोपियों सलमान (20), मंगल ठाकुर (24) एवं मनीष यादव (20) को जेल भेज दिया गया है, जबकि तीन नाबालिगों को बाल सुधार गृह में भेजा गया है.’’ उन्होंने बताया कि सात नवंबर को जीआरपी भोपाल में भादंवि की धारा 376 (बलात्कार) एवं पॉक्सो एक्ट के तहत आरोपियों पर मामला दर्ज किया गया था.

रूचि ने कहा कि पीड़िता के अनुसार वह जबलपुर रेलवे स्टेशन के पास की रहने वाली है. वह वहां एक झुग्गी में अपने माता-पिता के साथ रहती थी और कुछ महीने पहले ट्रेन में बैठकर अकेली भोपाल आ गई थी. तब से वह भोपाल रेलवे स्टेशन पर ही भीख मांगकर गुजारा करती थी. इसी दौरान इन दरिंदों से उससे दुष्कर्म किया था.
इनपुट: भाषा