लुंड्रा विधानसभा सीट पर बीजेपी-कांग्रेस को टक्कर दे सकती है बसपा

लुंड्रा विधानसभा सीट के लिए भारतीय जनता पार्टी के पास कई उम्मीद्वार हैं, जिनमें जिला पंचायत अध्यक्ष फुलेश्वरी सिंह, पूर्व विधायक विजय नाथ सिंह और पूर्व महापौर प्रबोध मिंज के नाम शामिल हैं.

लुंड्रा विधानसभा सीट पर बीजेपी-कांग्रेस को टक्कर दे सकती है बसपा
फाइल फोटो

सरगुजाः छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद से ही पूरे प्रदेश में चुनावी लहर है. चुनावी तारीखों के बाद से ही इसका असर पूरे प्रदेश में देखने को मिल रहा है. ऐसा ही कुछ हाल है प्रदेश के सरगुजा संभाग की लुंड्रा विधानसभा सीट का. जहां कांग्रेस और बीजेपी दोनों ही पार्टियां अपने उम्मीद्वार को लेकर पशोपेश में नजर आ रही हैं. बता दें लुंड्रा विधानसभा सीट के लिए भारतीय जनता पार्टी के पास कई उम्मीद्वार हैं, जिनमें जिला पंचायत अध्यक्ष फुलेश्वरी सिंह, पूर्व विधायक विजय नाथ सिंह और पूर्व महापौर प्रबोध मिंज के नाम शामिल हैं. ऐसे में भाजपा इस क्षेत्र में उम्मीद्वार को लेकर काफी चिंतित नजर आ रही है.

लुंड्रा विधानसभा सीट
वहीं कांग्रेस भी प्रत्याशी को लेकर काफी कंफ्यूज दिख रही है. क्योंकि 2013 में हुए चुनावों में कांग्रेस से वर्तमान विधायक चिंतामणि सिंह और भाजपा प्रत्याशी विजयनाथ सिंह में काफी निकट का मुकाबला देखने को मिला था. ऐसे में कांग्रेस किसी भी कीमत पर लुंड्रा विधानसभा सीट को खोना नहीं चाहती, इसलिए पार्टी नए उम्मीद्वार के नाम पर विचार कर रही है. बता दें अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित लुंड्रा विधानसभा की हालत काफी गंभीर है. लुंड्रा विधानसभा सीट आज भी विकास से कोसों दूर है. ऐसे में क्षेत्र की बिगड़ी हुई व्यवस्था कहीं न कहीं क्षेत्र की राजनीति को भी प्रभावित कर सकती है.

2008 विधानसभा चुनाव नतीजे
बता दें 2008 में हुए चुनावों में भी इस सीट पर कांग्रेस को ही जीत मिली थी. कांग्रेस के रामदेव राम को 2008 के विधानसभा चुनावों में जहां 51,636 वोट मिले तो वहीं भाजपा के कोमलभान सिंह को 43,438 वोट मिल सके. नतीजन कोमलभान सिंह को 8,198 वोटों के अंतर से हार का सामना करना पड़ा. 

2013 विधानसभा चुनाव नतीजे
वहीं 2013 के चुनावों में कांग्रेस प्रत्याशी चिंतामणी महाराज को जहां 64,771 वोट मिले तो वहीं भाजपा उम्मीद्वार विजयनाथ सिंह को 54,825 वोट मिले. जिसके चलते भाजपा उम्मीद्वार विजयनाथ सिंह को 9,946 वोटों से हार का सामना करना पड़ा.