विधानसभा चुनाव 2018: महासमुंद की 'राज' नीति में किसका पलड़ा भारी

राजनीतिक जानकारों के मुताबिक भाजपा पार्टी से पूर्व विधायक रहे विमल चोपड़ा को अपने प्रत्याशी के तौर चुनावी मैदान में उतार सकती है.

विधानसभा चुनाव 2018: महासमुंद की 'राज' नीति में किसका पलड़ा भारी
फाइल फोटो

महासमुंदः छत्तीसगढ़ राज्य की महासमुंद प्रदेश की उन विधानसभा सीटों में से एक है जिस पर कोई भी विधायक लंबे समय तक टिक नहीं पाया. यहां की जनता हर बार ही अपने प्रतिनिधी का चेहरा बदल देती है. ऐसे में प्रदेश की राजनीति में अजीत जोगी की पार्टी और आम आदमी पार्टी के प्रवेश करने से क्षेत्र में सभी दलों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिल सकता है. बीजेपी में भी महासमुंद से चुनाव लड़ने वाले उम्मीद्वारों में होड़ मची है. वहीं राजनीतिक जानकारों के मुताबिक भाजपा पार्टी से पूर्व विधायक रहे विमल चोपड़ा को अपने प्रत्याशी के तौर चुनावी मैदान में उतार सकती है.

महासमुंद विधानसभा सीट
बता दें भारतीय जनता पार्टी से बागी होकर निर्दलीय चुनाव लड़ने वाले डॉ विमल चोपड़ा ही महासमुंद के वर्तमान विधायक हैं. डॉ विमल चोपड़ा ने 2013 में भाजपा का दामन छोड़ निर्दलीय चुनाव लड़ने का निर्णय लिया था, जिसके बाद उन्होंने इस सीट पर भारी मतों के अंतर से जीत भी दर्ज कराई थी. ऐसे में अब पार्टी दोबारा विमल चोपड़ा पर दांव खेलने की कोशिश में जुटी है, लेकिन देखना यह है कि विमल चोपड़ा क्या निर्णय लेते हैं.

2003 विधानसभा चुनाव नतीजे
बता दें पिछले तीन विधानसभा चुनावों में महासमुंद की जनता हर बार ही अपना नेता बदल चुकी है. 2003 में जनता ने बीजेपी से पूनम चंद्राकर को अपना नेता चुना था. इस विधानसभा चुनाव में पूनम चंद्राकर को जहां 41,812 वोट मिले तो वहीं कांग्रेस प्रत्याशी अग्नि चंद्राकर को कुल 40,201 वोट ही मिल सके. 

2008 विधानसभा चुनाव नतीजे
2008 में जनता ने अपना फैसला बदलते हुए कांग्रेस प्रत्याशी अग्नि चंद्राकर को अपना प्रतिनिधि चुना. कांग्रेस प्रत्याशी अग्नि चंद्राकर को हां 52,667 वोट मिले तो वहीं भाजपा प्रत्याशी मोतीलाल साहू को कुल 47,623 वोट ही मिल सके.

2013 विधानसभा चुनाव नतीजे
बात की जाए 2013 के विधानसभा चुनावों की तो महासमुंद की जनता ने हर बार की तरह इस बार भी अपना फैसला बदलते हुए निर्दलीय प्रत्याशी डॉ विमल चोपड़ा को अपना नेता चुना. 2013 के विधानसभा चुनाव में जहां डॉ विमल चोपड़ा को 47,416 वोट मिले तो वहीं कांग्रेस प्रत्याशी अग्नि चंद्राकर ने उन्हें कड़ी टक्कर दी और 42,694 वोट हासिल किए. वहीं भाजपा तीसरे स्थान पर रही.