नीति आयोग के CEO के बयान पर छत्तीसगढ़ सरकार ने जताया विरोध, दिया यह जवाब

छत्तीसगढ़ के कृषि और जल संसाधन मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा है कि छत्तीसगढ़ ने विकास के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित किए हैं. 

नीति आयोग के CEO के बयान पर छत्तीसगढ़ सरकार ने जताया विरोध, दिया यह जवाब
नीति आयोग से सीईओ के बयान का छत्तीसगढ़ सरकार ने कड़ा विरोध किया है
Play

नई दिल्ली : पिछले दिनों नीति आयोग ने भारत के पिछड़ेपन के लिए बिहार, उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और राजस्थान को जिम्मेदार ठहराया था. नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत ने कहा था कि देश के दक्षिणी और पश्चिमी राज्य तेजी से प्रगति कर रहे हैं लेकिन बिहार, उत्तर प्रदेश और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों के कारण देश पिछड़ा बना हुआ है. कांत के इस बयान पर छत्तीसगढ़ सरकार ने कड़ी आपत्ति जताई है. छत्तीसगढ़ के कृषि और जल संसाधन मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा है कि छत्तीसगढ़ ने विकास के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित किए हैं. 

बता दें कि जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय में प्रथम अब्दुल गफ्फार खान स्मारक व्याख्यान के दौरान अमिताभ कांत ने कहा कि बिहार, उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और राजस्थान जैसे राज्यों के कारण भारत पिछड़ा बना हुआ है और खासकर सामाजिक संकेतकों पर. जहां व्यापार में आसानी के मामले में हमने तेजी से सुधार किया है वहीं मानव विकास सूचकांक में हम अब भी पिछड़े हैं. मानव विकास सूचकांक में हम अब भी 188 देशों में 133 वें पायदान पर हैं. चैलेंजेज ऑफ ट्रांसफॉर्मिंग इंडिया’ के मुद्दे पर नीति आयोग के प्रमुख ने कहा कि देश के दक्षिणी और पश्चिमी राज्य बहुत अच्छा कर रहे हैं और तेजी से आगे बढ़ रहे हैं.

छत्तीसगढ़ सरकार ने जताई नाराजगी
अमिताभ कांत के इस बयान का सियासी गलियारों में विरोध होने लगा है. पहले बिहार ने अमिताभ कांत के खिलाफ मोर्चा खोला था, अब छत्तीसगढ़ सरकार ने कांत को निशाने पर लिया है. छत्तीसगढ़ के कृषि और जल संसाधन मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने नीति आयोग की इस दलील का कड़ा विरोध करते हुए कहा कि देश में तेजी से विकास करने वाले चुनिंदा राज्यों में छत्तीसगढ़ अग्रणी राज्य है. हर दृष्टि से, हर क्षेत्र में छत्तीसगढ़ ने बहुत ही कम समय में एक मुकाम हासिल किया है.

यह भी पढ़ें : नीति आयोग ने यूपी-बिहार के विकास के दावों पर उठाए सवाल, कहा- इनकी वजह से पिछड़ रहा है भारत

बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि विभिन्न चुनौतियों का सामना करते हुए मात्र 17 वर्षों में छत्तीसगढ़ राज्य ने जो उपलब्धि हासिल की है वह अद्वितीय है. आज पूरा देश राज्य की तरक्की से आश्चर्यचकित है. दो दशक पहले किसी ने कल्पना भी नहीं की होगी कि छत्तीसगढ़ राज्य देश के विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान देगा. 

उन्होंने कहा कि समाज के हर क्षेत्र शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, खेतीकिसानी और कुदरती संसाधनों के मामले में छत्तीसगढ़ ने बेहिसाब तरक्की की है. उन्होंने कहा कि नीति आयोग के सीईओ का बयान राज्य सरकार को बदनाम करने वाला है. उन्होंने कहा कि अमिताभ कांत को अपने बयान के लिए माफी मांगनी चाहिए.

यह भी पढ़ें : प्रधानमंत्री से नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत को तत्काल हटाने की मांग

बिहार में अमिताभ कांत का विरोध
अमिताभ कांत के बयान पर बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और बीजेपी पर जमकर निशाना साधा है. तेजस्वी ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि नीतीश कुमार का बिहार मॉडल धोखाधड़ी और फर्जी है. तेजस्वी यादव ने ट्विटर करते हुए लिखा कि 10 साल से बिहार में बीजेपी का राज है फिर भी यह राज्य पिछड़ कैसे गया. बिहार और बिहारी सभी टैक्स देते हैं. देश के निर्माण में बराबर के भागी है. एनडीए ने बिहार को 33 सांसद दिए हैं फिर भी बिहार पिछड़ा हुआ है.

वहीं, नीती आयोग के बयान पर बिहार मे सत्तारूढ़ दल के नेता भी नाराज दिख रहे है. अमिताभ कांत के बयान पर जेडीयू ने आपत्ति जताई है. जेडीयू के नेता नीरज कुमार ने कहा कि सभी क्षेत्रों के समान विकास से ही देश का पूरा विकास हो सकता है. पिछड़े राज्य की सूची में शामिल होने के बावजूद बिहार लगातार पिछले 12 सालों से विनिर्माण क्षेत्र की विकास दर में राष्ट्रीय औसत से आगे रहा है.