पौधारोपण घोटाला: शिवराज को घेरने की तैयारी करती रही कांग्रेस, अफसर ने दे दी क्लीन चिट

वन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव ने सीएम कमलनाथ को लिखी नोटशीट में कहा है कि पौधारोपण के लिए तत्कालीन मुख्यमंत्री और वनमंत्री के दस्तखत नोटशीट पर नहीं हैं.

पौधारोपण घोटाला: शिवराज को घेरने की तैयारी करती रही कांग्रेस, अफसर ने दे दी क्लीन चिट
बीजेपी के मुख्य प्रवक्ता डॉ.दीपक विजयवर्गीय ने कहा कि कांग्रेस अनर्गल आरोप लगा रही है, केवल बयान देकर बीजेपी पर कीचड़ फैंकने की कोशिश करती है.

भोपाल: पौधारोपण घोटाले को लेकर कांग्रेस शिवराज सरकार को कठघरे में खड़ा कर रही है और पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर शिकंजा कसने की तैयारी कर रही है. उसी घोटाले में सरकार के वन विभाग ने शिवराज और तत्कालीन वन मंत्री गौरीशंकर शेजवार की जिम्मेदारी से इनकार कर दिया है. वन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव (एसीएस) एपी श्रीवास्तव ने सीएम कमल नाथ को लिखी नोटशीट में ये भी कहा है कि पौधारोपण के लिए तत्कालीन मुख्य मंत्री और वन मंत्री के दस्तखत नोटशीट पर नहीं है, इसलिए दोनों के खिलाफ कोई सबूत नहीं बनता है. हालांकि इस नोटशीट के बाद कांग्रेस सरकार सकते में हैं और आखिरी फैसला सीएम कमल नाथ को लेना है.

मामले में गृह मंत्री बाला बच्चन ने कहा है कि कांग्रेस ये मुद्दा लगातार तीन साल से उठा रही है. विपक्ष में रहते हुए उन्होंने खुद विधानसभा में ये सवाल पूछा था, जिसमें पता लगा था कि पौधारोपण के लिए खरीदे गए पौधे और खोदे गए गड्ढों पर अलग-अलग राशि खर्च की गई थी. कांग्रेस हमेशा से ही ये दावा करती आई है कि ये राशि खर्च नहीं की गई और 7 करोड़ पौधारोपण नहीं हुआ. इस मामले में बीजेपी सरकार ने एक दिन में 7 करोड़ पौधारोपण करके गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने का दावा भी किया था. बच्चन ने कहा कि किसी अफसर के लिखने से कुछ नहीं होता है, बल्कि मामले में फैसला सीएम कमल नाथ लेंगे. 

बीजेपी को इस मामले में सरकार पर निशाना साधने का मौका मिल गया है. बीजेपी के मुख्य प्रवक्ता डॉ.दीपक विजयवर्गीय ने कहा कि कांग्रेस अनर्गल आरोप लगा रही है, केवल बयान देकर बीजेपी पर कीचड़ फैंकने की कोशिश करती है, जबकि धरातल पर ऐसा कुछ नहीं होता है. कांग्रेस नेताओं के दावे की पोल खुद उनकी ही सरकार के विभाग ने खोल कर रख दी है. कांग्रेस नेता माणक अग्रवाल जवाब में कहते हैं कि जांच कई स्तर पर चल रही है. मामले में एक अधिकारी की नोटशीट पर कुछ नहीं होता है. ई.ओ.डबल्यू समेत कई जांच में सब साफ हो जाएगा. 

एक ही दिन 7 करोड़ पौधारोपण कर रिकॉर्ड का था दावा
बीजेपी ने नर्मदा संरक्षण के लिए 2 जुलाई 2017 को  नदी के पांच किलोमीटर के दायरे में पौधारोपण का टार्गेट फिक्स किया था. प्रदेश भर में ये काम युद्ध स्तर पर चला था. लेकिन कांग्रेस इसपर शुरू से ही ढकोसले का आरोप लगा रही थी. सरकार में आने के बाद कांग्रेस ने इस मामले की जांच शुरू की. खुद वन मंत्री उमंग सिंघार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दावा किया था कि 499 करोड़ का घोटाला किया गया है. मौके पर पौधे नहीं मिल रहे हैं. इस मामले में सिंघार ने कई अफसरों पर कार्यवाही भी की थी. लेकिन वन विभाग के एसीएस की नोटशीट में कांग्रेस के मिशन पर पानी फेर दिया है.