दमोह में सरकार ने खड़े किए हाथ तो लोगों ने खुद ही लगा दिया लॉकडाउन

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान कह चुके हैं कि दमोह उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं है और उपचुनाव के चलते दमोह, निर्वाचन आयोग के अधिकार क्षेत्र में है.

दमोह में सरकार ने खड़े किए हाथ तो लोगों ने खुद ही लगा दिया लॉकडाउन
फाइल फोटो.

दमोह/महेंद्रः मध्य प्रदेश में कोरोना संक्रमण तेजी से फैल रहा है. ऐसे में सरकार कई नगरीय इलाकों में वीकेंड पर लॉकडाउन लगा दिया है. वहीं दमोह को फ्री जोन रखा गया है. इसके पीछे वहां उपचुनाव होने को वजह माना जा रहा है. हालांकि अब दमोह के लोग ही आगे आए हैं और उन्होंने खुद ही अपने इलाके में लॉकडाउन लगाने का फैसला किया है. 

सरकार ने कहा- अधिकार क्षेत्र से बाहर
बता दें कि खुद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान कह चुके हैं कि दमोह उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं है और उपचुनाव के चलते दमोह, निर्वाचन आयोग के अधिकार क्षेत्र में है. ऐसे में सरकार ने वहां लॉकडाउन नहीं लगाया है. लेकिन इस बीच दमोह में भी कोरोना के मामले बढ़ रहे हैं. ऐसे में दमोह जिले के एक कस्बे ने नजीर पेश करते हुए खुद ही लॉकडाउन लगा लिया है. 

इस कस्बे में लगा लॉकडाउन
बता दें कि दमोह के हटा ब्लॉक के हिनोता कस्बे के लोगों ने प्रशासनिक आदेश का इंतजार किए बगैर दो दिनों का वीकली लाकडाउन लगाने का फैसला किया है. लॉकडाउन के दौरान हिनोता के बाजार पूरी तरह से बंद हैं और लोग भी अपने घरों में खुद कैद हो गए हैं. 

लोगों का कहना है कि जिस तरह से संक्रमण फैल रहा है, उससे वो चिंतित हैं और सिर्फ उनके कस्बे में ही कई लोग कोरोना पॉजिटिव निकले हैं. वहीं कुछ मरीजों की मौत भी हुई है. स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसे में उनके पास लॉकडाउन ही एक विकल्प था लिहाजा उन्होंने ये कदम स्वेच्छा से उठाया है. कस्बे के लोगों का कहना है कि यदि जरूरत पड़ती है तो दो दिन के इस लॉकडाउन की अवधि को बढ़ाया भी जा सकता है.