मंदसौर रेप केस: आरोपियों को हो सकता है साथी कैदियों से खतरा, जेलर ने जताई आशंका

बच्ची के अपहरण, सामूहिक दुष्कर्म और जान से मारने का प्रयास करने के आरोप में पुलिस ने दो युवकों इरफान और आसिफ को गिरफ्तार किया है.

मंदसौर रेप केस: आरोपियों को हो सकता है साथी कैदियों से खतरा, जेलर ने जताई आशंका
जिला जेल अधीक्षक ने बताया कि दुष्कर्म के आरोपियों के खिलाफ जेल के कैदियों में काफी आक्रोश है.

नई दिल्ली/मंदसौर: मध्यप्रदेश के मंदसौर में आठ वर्षीय बालिका के साथ दुष्कर्म करने वाले दो आरोपियों के खिलाफ लोगों में काफी आक्रोश और गुस्सा देखा जा रहा है. जिला जेल के एक अधिकारी ने जेल में इन आरोपियों को कैदियों से खतरे की आशंका जताई है. वहीं, शहर के सामाजिक और व्यापारिक संगठन समेत कई अन्य संगठन आरोपियों को फांसी की सजा देने की मांग लगातार उठा रहे हैं. वहीं, एक संगठन ने पीड़ित बालिका के भविष्य के लिये एक करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता दिए जाने की मांग सरकार से की है. आपको बता दें कि बीती 26 जून को आठ वर्षीय बालिका के अपहरण, सामूहिक दुष्कर्म और जान से मारने का प्रयास करने के आरोप में पुलिस ने दो युवकों इरफान और आसिफ को गिरफ्तार किया है. अदालत ने दोनों को पांच जुलाई तक पुलिस रिमांड पर रखने के आदेश दिए हैं.

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जिला एवं सत्र न्यायाधीश को पत्र लिखकर दी सूचना
इस बीच, मंदसौर जिला जेल के अधीक्षक सुनील शर्मा ने बताया कि उन्होंने जिला एवं सत्र न्यायाधीश को पत्र लिखकर कहा है कि दुष्कर्म के आरोप में पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ यहां जेल के कैदियों में भी काफी आक्रोश है. ऐसी स्थिति में आरोपियों को जेल में रखने पर कोई अनहोनी होने की आशंका है. पत्र में यह भी लिखा गया है कि मंदसौर जेल में इन दोनों को अन्य बन्दियों से अलग से रखने की व्यवस्था नहीं है, अतः निवेदन है कि इन्हें उज्जैन जेल में रखा जाए. शर्मा ने कहा कि हमने अपनी समस्या अधिकारियों और अदालत को बता दी है. इसके बाद भी न्यायालय उन्हें यहां रखने का आदेश करेगा तो उसका पालन करेंगे. 

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सामाजिक संगठनों ने की पीड़िता के लिए आर्थिक सहायता की मांग
उन्होंने यह भी बताया कि सोमवार को कलेक्टर ओ पी श्रीवास्तव एवं पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार सिंह ने जेल का निरीक्षण किया और जेल की व्यवस्था को देखा है. इधर, मंदसौर मोबाइल व्यापारी एसोसिएशन ने मंगलवार गांधी चौराहे पर एकत्र होकर रैली निकाली और पुलिस कंट्रोल रूम पहुंचकर एएसपी एसएस कनेश को एक ज्ञापन सौंपा और आरोपियों को शीघ्र फांसी की सजा देने की मांग की. वहीं, श्रीराम युवा सेवा व हिन्दू महासभा ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन कलेक्ट्रेट परिसर में नायब तहसीलदार तेजकरण वर्मा को सौंपा. ज्ञापन में संगठन में मंदसौर दुष्कर्म कांड के आरोपियों को फांसी की सजा देने की मांग करते हुए पीड़ित बालिका के भविष्य के लिए उसे एक करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता सरकार की ओर से देने का आग्रह भी किया.