'भगीरथ' बने पुलिस वाले, ग्रामीणों को दिलाई जलसंकट से निजात

मध्य प्रदेश में गर्मी पड़नी शुरू भी नहीं हुई और राज्य के कई इलाकों से पेयजल की समस्या सामने आने लगी है.

'भगीरथ' बने पुलिस वाले, ग्रामीणों को दिलाई जलसंकट से निजात
दमोह जिले के मड़ियादो कस्बे में पेयजल के हालात बेहद चिंताजनक है.

नई दिल्ली/भोपाल: मध्य प्रदेश में धीरे-धीरे पारा चढ़ने लगा है. अभी ठीक से गर्मी पड़नी शुरू भी नहीं हुई और राज्य के कई इलाकों से पेयजल की समस्या सामने आने लगी है. सूबे के हजारों लोगों को पानी की भारी किल्लत से रोज दो-चार होना पड़ रहा है. पानी की समस्या ग्रामीण इलाकों में और भी ज्यादा भयावह हो जाती है. ऐसा ही एक मामला दमोह जिले में सामने आया है. भीषण सूखे की चपेट में आए दमोह जिले के ग्रामीण इलाकों में पीने के पानी की किल्लत से लोगों को जूझना पड़ रहा है. कहीं लोग गंदे नालों का पानी पीने मजबूर हैं, तो कहीं मीलों का सफर तय करने के बाद लोग पीने का पानी ला रहे हैं. इन सबके बीच एक थाना प्रभारी के प्रयास ने ग्रामीणों की इस गंभीर समस्या का अंत कर दिया है. 

दमोह जिले के मड़ियादो कस्बे में पेयजल के हालात बेहद चिंताजनक है. यहां लोगों का दिन भर का काफी समय पीने के पानी के इंतज़ाम में लग जाता है. ऐसे में जहां सरकारी तंत्र की तमाम व्यवस्थाएं चौपट हैं और लोगों पर जलसंकट के बदल मंडरा रहे हैं. वहीं मड़ियादो थाना प्रभारी सुधीर बेगी के रूप में कस्बे को एक भगीरथ मिल गया है. वर्दी वाले इस भगीरथ ने गांव के लोगों की प्यास बुझाने के लिए थाने में ही बोरवेल की सफाई कराकर उसे शुरू करा दिया. थाना प्रभारी सुधीर ने स्टाफ के साथ मिलकर निजी पैसों से बोरवेल में सबमर्सिबल पंप लगवाकर ग्रामीणों को जलसंकट से निजात दिला दी. थाना प्रभारी सुधीर ने बताया कि ग्रामीणों को रोज पानी के लिए काफी दूर तक जाना पड़ता था. ये देखकर मुझे लगा कि समस्या का समाधान होना चाहिए. मैंने गांव के बुजुर्गों से बात की, तो पता चला कि थाना परिसर के पीछे एक पुराना बोरवेल है. ये बोरवेल कई सालों से बंद पड़ा था. 

उन्होंने बताया कि मड़ियादो पुलिस थाने के स्टाफ ने बोरवेल की तलाश की. बोरवेल मिलते ही रातो-रात दमोह से मशीन बुलाकर उसे साफ करा दिया. साथ ही थाने के स्टाफ ने अपने पैसों से बोरवेल में सबमर्सिबल पंप भी डलवा दिया. ग्रामीणों का कहना है कि थाने का स्टाफ अब रोजाना लोगों को पानी मुहैया कराता है. अब लोगों को मीलों का सफर तय नहीं करना पड़ता है. पुलिस के इस भगीरथ प्रयास से ग्रामीण बहुत खुश हैं. वहीं थाने के इंचार्ज सुधीर बेगी भी लोगों के चेहरों पर आई मुस्कान देखकर सुकून की महसूस कर रहे हैं.