MP: आखिर अफसरों से भरी सभा में मंत्री जी ने क्यों पकड़ लिए इंजीनियर साहब के पैर

मध्य प्रदेश में अफसरशाही के रवैए से मंत्री भी बच नहीं पा रहे, ग्वालियर के स्वर्ण रेखा नदी में 6 महीने से बह रहे सीवर को बार-बार बंद करने के लिए कहने के बावजूद अफसरशाही के कान पर जूं नहीं रेंग रही. ये हाल तब है जब कुछ दिन पहले वहां 7 साल के एक बच्चे की मौत भी हो गई लेकिन सीवर बहना बंद नहीं हुआ. इस पर मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने जब अफसरों से सवाल जवाब किया तो प्रोजेक्ट के इंचार्ज इंजीनियर ने ऐसा जवाब दिया कि हैरान परेशान मंत्री अफसरों से भरी सभा में उनके पैर छूने को मजबूर हो गए. 

MP: आखिर अफसरों से भरी सभा में मंत्री जी ने क्यों पकड़ लिए इंजीनियर साहब के पैर
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर

ग्वालियर: खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने शुक्रवार 28 फरवरी को अपनी विधानसभा के विकास कार्यों की समीक्षा बैठक ली. जिसमें उन्होंने स्वर्ण रेखा नदी में बह रहे सीवर की सफाई और बदनापुरा में भूमिपूजन पर सवाल उठाए. उनके सवालों पर बैठक में मौजूद अधिकारियों के जवाब ऐसे थे कि उनको सुन मंत्री जी परेशान हो गए और अपनी सीट से उठकर प्रोजेक्ट प्रभारी शिशिर श्रीवास्तव के पैर ही छू डाले.

दरअसल मंत्री ने अपनी विधानसभा के विकास कार्यों की समीक्षा बैठक बुलाई थी. समीक्षा शुरू होते ही उन्होंने स्वर्ण रेखा नदी के प्रोजेक्ट अधिकारी शिशिर श्रीवास्तव से बदनापुरा में सीवर लाइन के भूमिपूजन करने के बारे में पूछा. जिसपर छह महीने बाद भी काम शुरु होने पर  श्रीवास्तव ने बात को घुमाते हुए करते हुए जल्द काम शुरू कराने की बात कही. जिसपर पर मंत्री भड़क गए. 

मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने फिर स्वर्ण रेखा नदी में 6 महीने से बह रहे सीवर की बात कही. उन्होंने कहा, पिछले महीने इसमें डूबने से 7 साल के बच्चे की मौत हुई है, बावजूद इसके यह सीवर बहना बंद नहीं हुआ. इस पर जवाब देते हुए श्रीवास्तव ने कहा कि हर दिन 60 आदमी चोक सीवर लाइन की सफाई कर रहे हैं.

जब मंत्री ने उन 60 सफाई कर्मचारियों को बुलाने को कहा तो यह सुन निगमायुक्त संदीप माकिन, शिशिर व विधानसभा के सीवर सेल प्रभारी आरके शुक्ला सब टालमटोल करने लगे. इसपर गुस्साए मंत्री अचानक अपनी कुर्सी से उठे और प्रोजेक्ट प्रभारी शिशिर श्रीवास्तव के पैर छूते हुए कहने लगे-'आप जैसे लोगों के कारण ही हम लोग चुनाव हारते हैं.' 

गौरतलब है कि बैठक खत्म होते ही निगमायुक्त माकिन ने आदेश जारी कर मनीष कन्नोजिया को जोन 13, आशीष राजपूत को जोन 10, बृजबिहारी चंसौलिया को जोन 25, सतेन्द्र सोलंकी का निलंबन बहाल करते हुए जोन 12, राजू गोयल को 06, सौरभ शाक्य को 03, राजेन्द्र शर्मा को एसबीएम सेल तथा संजीव झा को जोन 21 का क्षेत्राधिकारी बना दिया. जबकि संजीव झा और राजेन्द्र शर्मा को मंत्री ने शहर से बाहर करने के निर्देश दिए.