MP: पर्यावरण और वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए राष्ट्रीय उद्यानों में चलेंगे इलेक्ट्रिक वाहन

सरकार की तरफ से जारी बयान में कहा गया है कि मुख्यमंत्री कमलनाथ ने वन्यप्राणी क्षेत्रों के आसपास के रहिवासियों और पर्यटन के दृष्टिकोण से एक समन्वित नीति बनाने को कहा है.

MP: पर्यावरण और वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए राष्ट्रीय उद्यानों में चलेंगे इलेक्ट्रिक वाहन
(सांकेतिक तस्वीर)

भोपाल: मध्य प्रदेश के राष्ट्रीय उद्यानों में इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग पर विचार किया जा रहा है. वहीं 'टाइगर स्टेट' के गौरव को प्रचारित कर पर्यटन को बढ़ावा देने पर सरकार जोर देगी. राज्य वन्यप्राणी बोर्ड की शुक्रवार को हुई बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्यमंत्री कमलनाथ ने अधिकारियों से कहा कि राष्ट्रीय उद्यानों के पर्यावरण और वन्यजीवों की रक्षा के लिए राष्ट्रीय उद्यानों में इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग पर विचार किया जा रहा है.

सरकार की तरफ से जारी बयान में कहा गया है कि मुख्यमंत्री कमलनाथ ने वन्यप्राणी क्षेत्रों के आसपास के रहिवासियों और पर्यटन के दृष्टिकोण से एक समन्वित नीति बनाने को कहा है. उन्होंने टाइगर स्टेट होने के गौरव को पर्यटन को प्रोत्साहित करने के लिए प्रचारित करने पर जोर दिया. बैठक में तय किया गया कि वन्यप्राणी क्षेत्रों के संरक्षण, विकास आदि पर विचार करने के लिए एक उप समिति बनाई जाएगी, जिसमें विषय विशेषज्ञ शामिल होंगे.

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मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय वन उद्यानों के आसपास के रहिवासियों को सबसे बड़ा सुरक्षा कवच बताते हुए कहा, "हमें इनके साथ तालमेल बनाकर काम करना चाहिए. इससे हम इन क्षेत्रों की सुरक्षा को सुनिश्चित कर सकेंगे." मुख्यमंत्री ने कहा, "मध्यप्रदेश को पूरे विश्व में सर्वाधिक टाइगर होने का गौरव हासिल है. हमें पर्यटन को बढ़ावा देने की दृष्टि से इसका उपयोग करना चाहिए."

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मुख्यमंत्री ने कहा कि दक्षिण अफ्रीका ने वन और वन्यप्राणी क्षेत्रों को पर्यटन के लिए बेहतर उपयोग किया है, उससे हमें सीखना चाहिए. मुख्यमंत्री ने वन्यप्राणी बोर्ड को सार्थक बनाने के लिए इसे राष्ट्रीय उद्यानों और अन्य बफर जोन को संरक्षित और विकसित करने के लिए विजनरी बोर्ड का स्वरूप देने पर जोर दिया.