वैक्सीनेशन के लिए हथेली पर जान, उफनते नदी-नाले पारकर गांव-गांव जा रहे स्वास्थ्यकर्मी

बैतूल में नदी में तेज बहाव होने के बाद भी वैक्सीन ड्राइव में लगी मोबाइल टीम नदी पार कर अपने काम को पूरा कर रही है. स्वास्थ्यकर्मी तमाम चुनौतियों का सामना करते हुए लोगों का जीवन बचाने में लगे हुए हैं. 

वैक्सीनेशन के लिए हथेली पर जान, उफनते नदी-नाले पारकर गांव-गांव जा रहे स्वास्थ्यकर्मी
नदी पार करते स्वास्थ्यकर्मी

इरशाद हिंदुस्तानी/बैतूल: मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में वैक्सीनेशन को लेकर स्वास्थ्य कर्मियों में अलग ही जोश देखने को मिल रहा है.वह लोग अपनी जान जोखिम में डाल कर काम में लगे हैं. ऐसे ही कुछ नजारा बैतूल में देखने को मिला है.जहां नदी में तेज बहाव होने के बाद भी वैक्सीन ड्राइव में लगी मोबाइल टीम नदी पार कर अपने काम को पूरा कर रही है. स्वास्थ्यकर्मी तमाम चुनौतियों का सामना करते हुए लोगों का जीवन बचाने में लगे हुए हैं. इसके लिए अधिकारी अपने कर्मचारियों के जज्बे की सराहना कर रहे हैं. साथ ही जिले को वैक्सीन के पहले डोज को जल्द ही शतप्रतिशत पूरा करने की बात की जा रही है.

जिले के आदिवासी बहुल भीमपुर विकासखंड के ग्रामों में नदी-नाले बारिश में ग्रामीणों की आवाजाही बंद कर देते हैं. लेकिन प्रशासन को टीकाकरण का लक्ष्य हासिल करने के लिए इन्हीं मुसीबतों का सामना करना पड़ रहा है. भीमपुर क्षेत्र में स्वास्थ्यकर्मी हाथों में कोविड वैक्सीन बॉक्स व अन्य सामान लिए पैदल नदी पार करने के बाद गांव कुटंगा पहुंचे. जैसे ही टीम के सदस्य गांव में पहुंचे तो ग्रामीणों को भी आश्चर्य हुआ.क्योंकि इस नदी पर कोई पुल नहीं है. इसके अलावा ग्राम भयावाड़ी में भी टीकाकरण की टीम को पहुंचने के लिए नाला पार कर पैदल पहुंचना पड़ा.

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दरअसल जिले में शत प्रतिशत टीकाकरण के लिए कलेक्टर ने जिला अधिकारियों को गांवों की जिम्मेदारी सौंप दी है. जिले में 20 मोबाइल टीम वेक्सीनेशन कार्य में लगी है. स्वास्थ्य कर्मियों के अलावा वैक्सीनेशन को शत-प्रतिशत करने के लिए बैतूल एसपी सिमाला प्रसाद भी गांव-गांव घूम रही हैं. एसपी समाला प्रसाद लोगों को समझा कर उन्हें टीका लगवा रही हैं. वहीं सीएमएचओ डॉ. एके. तिवारी ने भी एक 80 साल की बुजुर्ग महिला को समझाने के बाद उन्हें टीका लगवाया.

बताया जा रहा है कि सर्वे के बाद अब जिले में सिर्फ 25 हजार लोग ही ऐसे बचे हैं जिन्हें पहला डोज लगना है. कुछ दिनों में ही बैतूल जिला वैक्सीन के पहले डोज के लक्ष्य को पूरा कर लेगा.

इनसब पर सीएमएचओ बैतूल डॉ. एके. तिवारी का कहना है कि वैक्सीनेशन के फर्स्ट डोज को शतप्रतिशत लगवाने के लिए कर्मचारी लगे हुए हैं. उनमें काफी जोश है और उन्होंने ठाना है कि पूरे जिले में पहला डोज हंड्रेड परसेंट लग जाए. 

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