10 बार कोरोना रिपोर्ट आई नेगेटिव , फिर भी महिला की हुई Covid-19 से ही मौत

कोरोनाकाल में अजीबोगरीब मामले भी सामने आते जा रहे हैं. ऐसा ही एक केस ब्रिटेन से सामने आया है. दरअसल 55 साल की एक महिला लगातार कोरोना टेस्ट करा रही थीं. महिला की 10 बार कोरोना रिपोर्ट नेगेटिव आ चुकी थीं लेकिन इसके बावजूद महिला की मौत कोविड से हुई.

10 बार कोरोना रिपोर्ट आई नेगेटिव , फिर भी महिला की हुई Covid-19 से ही मौत
सांकेतिक फोटो

नई दिल्ली: कोरोनाकाल में अजीबोगरीब मामले भी सामने आते जा रहे हैं. ऐसा ही एक केस ब्रिटेन से सामने आया है. दरअसल 55 साल की एक महिला लगातार कोरोना टेस्ट करा रही थीं. महिला की 10 बार कोरोना रिपोर्ट नेगेटिव आ चुकी थीं लेकिन इसके बावजूद महिला की मौत कोविड से हुई. 55 साल की डेब्रा शॉ हर्निया के ऑपरेशन के लिए रॉयल स्टॉक यूनिवर्सिटी अस्पताल में मौजूद थीं. वे इस ऑपरेशन के बाद स्वस्थ तरीके से रिकवर हो रही थीं लेकिन अचानक उन्हें सांस लेन में दिक्कत होने लगी थी वे कोमा में चली गई और महिला की सर्जरी के दो हफ्तों बाद ही मौत हो गई.                                                                                          

कोविड फ्री वॉर्ड क्यों में रखा गया
डेब्रा को कोविड फ्री वॉर्ड में रखा गया था और अस्पताल वालों ने उनके परिवार वालों को भी आखिरी मुलाकात के लिए बुलाया था. हालांकि मौत की जांच में सामने आया कि डेब्रा की मौत कोविड के चलते ही हुई थी. ये सुनकर महिला के परिवार वालों के होश उड़ गए. वे जानना चाहते थे कि अगर डेब्रा को कोविड था तो उन्हें कोविड फ्री वॉर्ड में क्यों रखा गया था.

रिपोर्ट देखकर परिवार हुआ चकित
महिला के बेटे ने बताया कि उनकी मां को जब सांस लेने में समस्या होनी शुरू हुई तब उनके रोज कोरोना वायरस टेस्ट हो रहे थे और उनके नतीजे रोज नेगेटिव आ रहे थे. महिला के फेफड़ों का भी सैंपल लिया गया था और इसमें कोरोना वायरस होने का कोई प्रमाण भी नहीं था. ऐसे में जब परिवार के लोगों ने डेथ सर्टिफिकेट देखा तो उनके हौश उड़ गए. इस डेथ सर्टिफिकेट में लिखा था कि उनकी मौत कोविड से हुई है. जबकि उन्हें लगातार कहा गया कि  कोरोना नहीं बल्कि निमोनिया है.                   

अस्पताल के खिलाफ एक्शन लेगा परिवार
परिवार का कहना है कि उन्हें इस बात की भी चिंता है कि बिना किसी पीपीई किट या सुरक्षा साधनों के उन्हें उनकी मां से मिलने दिया गया जिसके चलते अब परिवार के बाकी लोगों पर भी कोरोना संक्रमण का खतरा बना हुआ है. परिवार का कहना है कि इस मामले में अस्पताल के खिलाफ एक्शन लेने के बारे में विचार कर रहे हैं.       

आपको याद दिला दें कि दिल्ली में भी एक ऐसा ही मामला सामने आया था जब एक 80 साल की महिला को कोरोना वायरस के गंभीर लक्षण थे लेकिन वे बार बार कोरोना नेगेटिव आ रही थीं. डॉक्टर्स ने इस महिला का चार बार कोरोना टेस्ट कराया था लेकिन वे हर बार नेगेटिव आई थीं. 

  ये भी पढ़ें: फिर हड़ताल पर अड़े जूनियर डॉक्टर्स, मंत्री मांगे मान लेंगे, लेकिन हड़ताल का वक्त नहीं

WATCH LIVE TV