विज्ञान का करिश्मा: बेटे की मौत के 2 साल बाद राजश्री बनीं दो जुड़वां बच्चों की दादी

सरोगेसी के जरिए राजश्री दो जुड़वां बच्चों की दादी बन गई हैं. इनमें एक बेटी है और दूसरा बेटा है.

विज्ञान का करिश्मा: बेटे की मौत के 2 साल बाद राजश्री बनीं दो जुड़वां बच्चों की दादी
दोनों बच्चों को पाकर राजश्री बहुत खुश है. विज्ञान और तकनीक ने परिवार के चेहरे पर मुस्कान ला दी है. (फोटो एएनआई)

 पुणे: दो साल पहले बेटे को खोने का दर्द तो पुणे की राजश्री को आज भी है, लेकिन इस बात की बहुत खुशी है कि वह आज दो जुड़वा बच्चों की दादी बन गई हैंं. बेटे की मौत के बाद जिंदगी मानों थम सी गई थी. परिवार आगे कैसे बढ़ेगा? ये सोचकर चिंता सताती थी. 27 साल के जवान बेटे को खोने का दर्द कैसा होता है ये राजश्री से बेहतर और कोई मां नहीं समझ सकती. राजश्री पाटिल के बेटे प्रथमेश की मौत ब्रेन कैंसर के कारण हुआ था. 
 
बेटे को वापस लाने की थी चाहत
राजश्री अपने बेटे से बहुत प्यार करती थी. 2 साल पहले जर्मनी में कैंसर से मौत हो गई थी. राजश्री को अपने बेटे से इतना ज्यादा लगाव था कि वे किसी भी कीमत पर अपने बेटे को वापस चाहती थीं. जैसे ही उन्हें पता चला कि कैंसर फोर्थ स्टेज में पहुंच चुका है. उसके बाद उन्होंने, डॉक्टर्स के कहने बाद अपने बेटे के सीमेन का इस्तेमाल करने के लिए अपनी एक रिश्तेदार को सरोगेसी के लिए राजी किया. जिसकी कोख से दो जुड़वां बच्चों का जन्म हुआ. इनमें एक बेटी है और एक बेटा है. 

वंश बढ़ाने की थी चाहत
राजश्री का एक ही बेटा था, जो साल 2016 में उन्हें अलविदा कह दिया. राजश्री ये अच्छी तरह जानती थी कि बेटा का बचना मुश्किल है. ऐसे में उसने जर्मनी के डॉक्टरों की सलाह पर वंश बढ़ाने के लिए अपना सीमेन प्रिजर्व करवा दिया था. जिससे उनका वंश आगे बढ़ता रहे.

जर्मनी में प्रिजर्व करवाया था सीमेन 
बेटे की मौत के बाद राजश्री ने जर्मनी की सीमेन बैंक में कॉन्टैक्ट किया, जहां प्रथमेश के सीमेन प्रिजर्व किए गए थे. कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद प्रथमेश के सीमेन को भारत लाया गया. इसके बाद राजश्री ने अपनी एक रिश्तेदार को सरोगेसी के लिए राजी किया और जुड़वा बच्चों का जन्म हुआ. 

बच्चों में दिखती है बेटे की छवि
बच्चों के जन्म के बाद मां ने मीडिया से बातचीत में बताया कि इन बच्चों में उन्हें अपना बेटा प्रथमेश दिखाई देता है. राजश्री पाटिल ने बच्चों को भगवान का उपहार बताया है. उन्होंने लड़के का नाम प्रथमेश रखा है, वहीं, उन्होंने लड़की का नाम प्रीषा रखा है.