राहुल गांधी के 'झूठ' पर पर्रिकर का जवाब, '5 मिनट की मुलाकत में नहीं किया राफेल का जिक्र'

गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर ने राहुल गांधी पर शिष्टाचार के नाते उनसे की गई मुलाकात को तुच्छ राजनीतिक फायदे के लिए इस्तेमाल करने का आरोप लगाया. पर्रिकर ने कहा कि राहुल गांधी के साथ मेरी पांच मिनट की मुलाकात में राफेल सौदे का कोई जिक्र नहीं किया गया था. 

राहुल गांधी के 'झूठ' पर पर्रिकर का जवाब, '5 मिनट की मुलाकत में नहीं किया राफेल का जिक्र'
राहुल गांधी अब अपने ही बयान पर घिरते नजर आ रहे हैं...(फोटो: ANI)

पुणे: पिछले काफी अर्से से बीमार चले रहे गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी पर शिष्टाचार के नाते उनसे की गई मुलाकात को तुच्छ राजनीतिक फायदे के लिए इस्तेमाल करने का आरोप लगाया. कांग्रेस अध्यक्ष को लिखे पत्र में पर्रिकर ने कहा कि उन दोनों के बीच पांच मिनट की मुलाकात में राफेल मुद्दे का कोई जिक्र नहीं हुआ था.

गौरतलब है कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार को केरल में बूथ स्तरीय पार्टी कार्यकर्ताओं की बैठक में दावा किया था कि पूर्व रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने स्पष्ट रूप से कहा है कि ‘नए सौदे’ से उनका कोई लेना-देना नहीं है. पणजी में राज्य सचिवालय परिसर में गोवा के मुख्यमंत्री पर्रिकर से मुलाकात के कुछ घंटे बाद उन्होंने यह बयान दिया था.
   
राहुल गांधी को लिखे एक पत्र में पर्रिकर ने कहा, "मुझे निराशा हुई कि आपने राजनीतिक फायदे के लिए शिष्टाचार मुलाकात की. 5 मिनट की मुलाकात में न तो आपकी ओर से और न ही हमारी ओर से राफेल का जिक्र किया गया." उन्होंने कहा, "शिष्टाचार मुलाकात के बाद राजनीतिक फायदे के लिए इस तरह का बयान देने से मेरे मन में आपकी नीयत और आपकी मुलाकात पर सवाल उठ रहे हैं." 

manohar parrikar

पर्रिकर ने राहुल गांधी को लिखा है कि बिना किसी पूर्व सूचना के वे उनके स्वास्थ्य का हाल पूछने यहां आए थे, दलगत भावना से ऊपर उठकर एक अस्वस्थ का हाल जानना अच्छी परंपरा है. उन्हें भी राहुल का आना अच्छा लगा, लेकिन इस यात्रा को लेकर आज सुबह आपके जो बयान आए, उससे वह आहत हैं. 

उन्होंने लिखा कि समाचार पत्रों में पढ़कर आश्चर्य भी हुआ कि उन्होंने राहुल को राफेल मुद्दे पर कुछ बताया है. आपने कहा है कि राफेल मुद्दे में मैं (मनोहर परिकर) कहीं नहीं था. मुझे कोई जानकारी नहीं थी जबकि ऐसा नहीं है. वास्तव में इस मुलाकात के दौरान राफेल का कोई जिक्र नहीं हुआ. 

गोवा के मुख्यमंत्री ने लिखा कि उन्होंने सोचा था, राहुल का आना और शुभकामनाएं मेरे लिए इस प्रतिकूल स्थिति में संबल प्रदान करेंगी. उन्होंने कहा कि लेकिन वह नहीं समझ सके कि उनके आने का वास्तविक इरादा यह था. पर्रिकर ने लिखा, "किसी बीमार और अस्वस्थ व्यक्ति से भेंट का इस्तेमाल अपनी तुच्छ राजनीति का शिकार बनाने के लिए मत करिएगा."