मोहन भागवत बोले, विश्व में एकमात्र धर्म हिंदू ही है और बाकी सब संप्रदाय हैं

संघ प्रमुख ने कहा कि हिंदू धर्म के दरवाजे सभी के लिये आज भी खुले हुए हैं, क्योंकि हम यह मानते हैं कि मूलत: सभी हिंदू ही हैं.

मोहन भागवत बोले, विश्व में एकमात्र धर्म हिंदू ही है और बाकी सब संप्रदाय हैं
हरिद्वार में संघ प्रमुख मोहन भागवत साधुओं संग गंगा की पूजा करते हुए. (PTI/11 Sep, 2017)

हरिद्वार: राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने सोमवार (11 सितंबर) को कहा कि विश्व में एकमात्र धर्म हिंदू ही है और हिंदू धर्म के दरवाजे सभी के लिये खुले हुए हैं. अपने जन्मदिन पर यहां आयोजित एक समारोह में दिये अपने संक्षिप्त संबोधन में भागवत ने कहा कि विश्व में एकमात्र धर्म हिंदू ही है और बाकी सब संप्रदाय हैं. उन्होंने कहा, ‘‘हम (संघ) हिंदू नहीं बनाते हैं क्योंकि हम सबके पूर्वज हिंदू ही हैं.’’ पतंजलि योगपीठ में स्वामी रामदेव और आचार्य बालकृष्ण द्वारा आयोजित इस समारोह में संघ प्रमुख ने कहा कि हिंदू धर्म के दरवाजे सभी के लिये आज भी खुले हुए हैं, क्योंकि हम यह मानते हैं कि मूलत: सभी हिंदू ही हैं.

भागवत के पतंजलि योगपीठ पहुंचने पर उनका स्वामी रामदेव और अन्य संतों ने पुष्पगुच्छ भेंटकर स्वागत किया और जन्मदिन की शुभकामनायें दीं. स्वामी रामदेव ने उन्हें गदा भेंटकर हिंदुत्व की मशाल जलाये रखने का आह्वान किया. इससे पूर्व संघ प्रमुख ने कनखल स्थित सूरत गिरि आश्रम पहुंचकर गंगा पूजन व आरती की. उसके बाद संतों ने उन्हें आशीर्वाद देकर उनके दीर्घायु जीवन की कामना की.

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भी सुरतगिरी आश्रम में संघ प्रमुख से मिलकर उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं दी और उनके स्वस्थ व दीर्घायु जीवन की कामना की. इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने संघ प्रमुख को पुस्तक व केदारनाथ का स्मृति चिन्ह भी भेंट किया. इस अवसर पर कारगिल शहीद कैप्टन विक्रम बत्रा व कैप्टन मनोज पांडे के माता-पिता को भी भागवत ने सम्मानित किया.