समंदर में भारतीय नौसेना की कदमताल, चीन में 'खलबली'!

विशाखापत्तनम में नेवी डे की पूर्व संध्या पर मंगलवार को नौसेना की ईस्टर्न नेवल कमांड ने रिहर्सल किया और अपना दमखम दिखाया. नेवी के इस ट्रेलर में समुद्र के प्रहरियों की ऐसी जाबांजी देखकर हर हिंदुस्तानी का सीना गर्व से चौड़ा हो गया. 

समंदर में भारतीय नौसेना की कदमताल, चीन में 'खलबली'!
भारतीय नौसेना समंदर में दुश्मनों की हर हरकत पर नजर बनाए हुए है. तस्वीर साभार- ट्विटर पेज @indiannavy

नई दिल्ली: हर साल भारत में 4 दिसंबर को नौसना (Indian Navy) के वीरों को याद किया जाता है. पूरा देश समुद्री सीमा की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान देने वाले अपने वीर सपूतों को श्रद्धांजलि दे रहा है. इस मौके पर बुधवार (4 दिसंबर) को नौसेना प्रमुख एडमिरल करमबीर सिंह ने दिल्ली स्थित वार मेमोरियल पहुंचकर जवानों की शहादत को सलाम किया और माल्यापर्ण किया. इसके बाद नेवी वीर जवानों ने शानदार जश्न मनाया. 

विशाखापत्तनम में नेवी डे की पूर्व संध्या पर मंगलवार को नौसेना की ईस्टर्न नेवल कमांड ने रिहर्सल किया और अपना दमखम दिखाया. नेवी के इस ट्रेलर में समुद्र के प्रहरियों की ऐसी जाबांजी देखकर हर हिंदुस्तानी का सीना गर्व से चौड़ा हो गया. 

नौसेना दिवस के मौके पर पीएम मोदी ने ट्वीट कर देश को बधाई दी. पीएम मोदी ने ट्वीट करते हुए एक वीडियो भी शेयर किया. उन्होंने लिखा कि नौसेना दिवस पर हम अपने साहसी नौसेना कर्मचारियों को सलाम करते हैं. उनकी बहुमूल्य सेवा और बलिदान ने हमारे राष्ट्र को अधिक मजबूत और सुरक्षित बनाया है.

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी ट्विटर के जरिए शुभकामना संदेश दिया है. उन्होंने लिखा 'नौसेना दिवस के मौके पर भारतीय नौसेना के जवानों और उनके परिवारों को हार्दिक बधाई देता हूं. राष्ट्र को भारतीय नौसेना पर अटूट विश्वास और गर्व है. यह भारत की समुद्री शक्ति की प्रतीक है. हम उनके अदम्य साहस और वीरता को सलाम करते हैं.'

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सैन्य शक्ति के मामले में भारतीय नौसेना 137 देशों की लिस्ट में जहां चौथे स्थान पर काबिज है, वहीं पाकिस्तान का नंबर 15वां है. आपको बता दें साल 1971 में जब भारत-पाकिस्तान के बीच युद्ध हुआ तो हिंदुस्तान ने विजय हासिल की थी. इस युद्ध के दौरान भारतीय नौसेना ने कराची पर हमला किया था, इस जंग को 'ऑपरेशन ट्राइडेंट' नाम दिया गया था. 

हिंदुस्‍तान की ओर से किए गए इस हमले में 3 विद्युत क्लास मिसाइल बोट, 2 एंटी-सबमरीन और एक टैंकर शामिल था. इस युद्ध में पहली बार जहाज पर मार करने वाली एंटी शिप मिसाइल से हमला किया गया था. भारत ने इस ऑपरेशन में पाकिस्तान पर हमला कर उनकी सैन्य शक्ति को तबाह कर दिया और इसी ऐतिहासिक दिन के बाद भारत की विजय का जश्न मनाने के लिए हर साल 4 दिसंबर को नौसेना दिवस मनाया जाने लगा.  

चीन की हरकत पर नजर बनाए है नौसेना
भारतीय नौसेना प्रमुख एडमिरल करमबीर सिंह ने कहा कि भारत हिंद महासागर क्षेत्र में चीन की बढ़ती उपस्थिति पर बराबर नजर बनाए हुए है. उन्होंने आश्वस्त किया कि भारत किसी भी खतरे को नाकाम करने में सक्षम है. चार दिसंबर को नौसेना दिवस समारोह से पहले यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए सिंह ने कहा, 'चीन ने 2008 से हिंद महासागर में उपस्थिति बढ़ाई है. हम उनपर बराबर नजर रखे हुए हैं.' उन्होंने कहा, 'चीन का महासागरीय अनुसंधान पोत विशेष आर्थिक क्षेत्र में मौजूद हैं. औसतन सात-आठ जहाज इस क्षेत्र के पास मौजूद हैं.'

इसके साथ ही सिंह ने कहा कि नौसेना को जो भी त्वरित कार्रवाई की आवश्यकता होती है, वह करती है. एडमिरल करमबीर सिंह ने जोर देकर कहा कि हिंद महासागर क्षेत्र में पाकिस्तान की मंशा के बारे में भारतीय नौसेना पूरी तरह अवगत है.

उन्होंने कहा, 'हमें उस आतंकी सूचना के बारे में भी जानकारी है, जो समुद्री मार्गों से भारत में प्रवेश करने की योजना बना रहे हैं. हमने किसी भी खतरे से निपटने के लिए पर्याप्त सुरक्षा तंत्र लगा रखा है.'