प्रधानमंत्री मोदी आज देशवासियों से करेंगे 'मन की बात', 62वें संस्करण का 11 बजे से प्रसारण

पिछले माह गणतंत्र दिवस के समारोह की वजह से 'मन की बात' कार्यक्रम का समय बदलकर शाम 6 बजे किया गया था. अमूमन यह कार्यक्रम सुबह 11 बजे प्रसारित होता है. 

प्रधानमंत्री मोदी आज देशवासियों से करेंगे 'मन की बात', 62वें संस्करण का 11 बजे से प्रसारण
फाइल फोटो

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) आज अपने रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' के जरिए सुबह 11 बजे देशवासियों को संबोधित करेंगे. मन की बात का यह 62वां संस्करण होगा. इससे पिछले माह 'मन की बात' का प्रसारण 26 जनवरी के दिन हुआ था. बता दें कि साल 2014 के बाद से पीएम मोदी द्वारा प्रत्येक माह के आखिरी रविवार के दिन मन की बात कार्यक्रम का रेडियो प्रसारण होता है. पिछले माह गणतंत्र दिवस के समारोह की वजह से 'मन की बात' कार्यक्रम का समय बदलकर शाम 6 बजे किया गया था. अमूमन यह कार्यक्रम सुबह 11 बजे प्रसारित होता है. 

इससे पहले 26 जनवरी को प्रधानमंत्री ने 'मन की बात' कार्यक्रम के जरिए राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा था, ''दिन बदलते हैं, हफ्ते बदल जाते हैं, महीने भी बदलते हैं, साल बदल जाते हैं, लेकिन भारत के लोगों का उत्साह और हम भी कुछ कम नहीं हैं, हम भी कुछ करके रहेंगे. Can do... ये  Can do का भाव, संकल्प बनता हुआ उभर रहा है.''

पद्म-अवार्ड बना पीपुल्स अवॉर्ड
रेडियो कार्यक्रम पीएम मोदी ने बताया कि 2020 के पद्म-पुरस्कारों के लिए इस साल 46 हज़ार से अधिक नामांकन प्राप्त हुए. ये संख्या 2014 के मुक़ाबले 20 गुना से भी अधिक है. यह आंकड़े जन-जन के इस विश्वास को दर्शाते हैं कि पद्म-अवार्ड, अब People's Award बन चुका है.

26 जनवरी को प्रसारित हुए 'मन की बात' की खास बातें:-
- ‘मन की बात’ - sharing, learning और growing together का एक अच्छा और सहज platform बन गया है. हर महीने हज़ारों की संख्या में लोग, अपने सुझाव, अपने प्रयास, अपने अनुभव share  करते हैं.
- मैंने नए साल पर मन की बात पर चार्टर बनाया है, जिसमें कई चीजों की लिस्ट बनाई गई है. इस ‘मन की बात चार्टर’ को जब मैं पढ़ रहा था, तब, मुझे भी आश्चर्य हुआ कि इतनी सारी बाते हैं. इतने सारे हैश-टैग्स हैं. और, हम सबने मिलकर ढ़ेर सारे प्रयास भी किए हैं.
- जब हर भारतवासी एक कदम चलता है तो हमारा भारतवर्ष 130 करोड़ कदम आगे बढ़ाता है. इसलिए चरैवेति, चरैवेति... का मंत्र लिए अपने प्रयास करते रहें.
- स्वच्छता के बाद जन-भागीदारी की भावना, participative sprite आज एक और क्षेत्र में तेजी से बढ़ रही है और वह है 'जन संरक्षण'. जल संरक्षण के लिए कई व्यापक और इन्नोवेटिव प्रयास देश के हर कोने में चल रहे.
- मैं असम की सरकार और असम के लोगों को खेलो इंडिया की शानदार मेजबानी के लिए बहुत-बहुत बधाई देता हूं. इस महोत्सव ओए अंदर 80 रिकॉर्ड टूटे जिसमें से 56 रिकॉर्ड तोड़ने का काम हमारी बेटियों ने किया है.
- अगले महीने 22 फरवरी से 1 मार्च तक ओडिशा के कटक और भुवनेश्वर में पहले खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स आयोजित हो रहे हैं. इसमें भागीदारी के लिए 3 हजार से ज्यादा खिलाड़ी क्वालीफाई कर चुके हैं.
-  देश के करोड़ों विद्यार्थियों के साथ 'परीक्षा पे चर्चा' कार्यक्रम के अनुभव के बाद मैं विश्वास के साथ कह सकता हूं कि देश का युवा आत्म विश्वास से भरा हुआ है और हर चुनौती के लिए तैयार है.
- 18 जनवरी को यवाओं ने देशभर में cyclothon का आयोजन किया, जिसमें शामिल लाखों देशवासियों ने फिटनेस का संदेश दिया.
- हमारा New India पूरी तरह से फिट रहे इसके लिए हर स्तर पर जो प्रयास देखने को मिल रहे हैं, वे जोश और उत्साह से भर देने वाले हैं.