चेन्नई से 3 बसों से 74 प्रवासी पहुंचे चूरू, जांच के बाद भेजे गए क्वारेंटाइन सेंटर

स्क्रीनिंग के बाद चिकित्सा विभाग की टीम ने इन्हें सरदारशहर के गांधी विद्या मंदिर में बनाए गए क्वारेंटाइन सेंटर भेज दिया है. यहां पर इनके सैंपल लिए जाएंगे. 

चेन्नई से 3 बसों से 74 प्रवासी पहुंचे चूरू, जांच के बाद भेजे गए क्वारेंटाइन सेंटर
राज्य में आने और जाने वालों के आवेदन करने की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है.

नरेंद्र राठौड़/चूरू: राजस्थान के चूरू जिला मुख्यालय पर बुधवार को चेन्नई से तीन बसों में सवार होकर 74 प्रवासी मजदूर पहुंचे. चूरु पहुंचने के बाद बस स्टैंड पर चिकित्सा विभाग की टीम ने, इन सभी लोगों की स्क्रीनिंग (Screening) की. यह सभी लोग तमिलनाडु के हॉटस्पॉट (Hotspot) एरिया से चूरु पहुंचे हैं.

स्क्रीनिंग के बाद चिकित्सा विभाग की टीम ने इन्हें सरदारशहर के गांधी विद्या मंदिर में बनाए गए क्वारेंटाइन सेंटर भेज दिया है. यहां पर इनके सैंपल लिए जाएंगे. वहीं, बस में सवार होकर आए मजदूरों ने कहा कि, वह लॉकडाउन (Lockdown) के बाद से ही वहां पर बेरोजगार हो गए थे. भूखे मरने की नौबत आ गई थी, फिर उन्होंने जैसे-तैसे कर आपस में पैसा एकत्रित किया और तीन-तीन लाख रुपए में 3 बसें किराए पर लेकर वह अपने घर चूरु पहुंचे हैं.

यह सभी सरदारशहर तहसील के मेंहरी गांव के निवासी हैं. बस स्टैंड पर स्क्रीनिंग प्रभारी डॉ नरेंद्र ने कहा कि, यह सभी लोग हॉटस्पॉट एरिया से चूरू पहुंचे हैं. सभी की स्क्रीनिंग कर ली गई है और अभी सभी को सरदारशहर के क्वारेंटाइन सेंटर भेजा गया है.

गौरतलब है कि, कोरोना काल में बड़े स्तर पर प्रवासियों का राजस्थान में आना और यहां से जाने का सिलसिला लगातार जारी है. गृह मंत्रालय (MHA) से अनुमति मिलने के बाद, सरकार ने प्रवासियों का आने की छूट दी है. इसके लिए रेलवे (Indian Railway) ने विशेष श्रमिक ट्रेनें भी चलाई हैं.

वहीं, राजस्थान की अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) सरकार इन लोगों को बसों के जरिए, इनके जिले या राज्यों में भेज रही है. साथ ही, विभिन्न राज्यों से लोग ट्रेनों और बसों के जरिए राजस्थान में आ रहे हैं. यहां पहुंचने पर चिकित्सा विभाग द्वारा इन लोगों की स्क्रिनिंग की जाती है. इसके बाद, प्रशासन द्वारा इन्हें बसों के जरिए, इनके जिलों में भेजने का इंतजाम किया जा रहा है.

हालांकि, राज्य में आने और जाने वालों के आवेदन करने की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है. इससे राज्य सरकार भी चिंतित है. जानकारी के अनुसार, राजस्थान में अब तक कुल 17 लाख लोगों ने बीते दिनों ऑनलाइन पंजीकरण (Online Registration) करवाया था. इसमें राजस्थान में आने और यहां से जाने वाले दोनों लोग शामिल हैं.

प्रवासियों की बढ़ती क्षमता को देखते हुए सीएम अशोक गहलोत ने केंद्र सरकार से बीते दिनों अपील की थी कि, इन लोगों की वापसी और रवानगी के लिए रेलवे द्वारा और अधिक ट्रेन चलाई जाए. लेकिन आवदेनों की बढ़ती संख्या और नंबर आने में समय जैसे अन्य वजहों के चलते, कई प्रवासी पैदल ही अपने घरों के लिए निकल पड़े हैं.