Rajasthan News: टोंक जनाना अस्पताल में हिजाब विवाद गहराया! डॉ. बिंदू गुप्ता ने धमकियों से तंग आकर ली 7 दिन की छुट्टी, परिवार संग छोड़ा शहर. अस्पताल प्रभारी की चुप्पी पर सवाल, कार्रवाई नहीं तो अनिश्चितकालीन अवकाश की चेतावनी.
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Rajasthan News: टोंक के जनाना अस्पताल में हिजाब विवाद का मामला अब और गंभीर हो गया है, क्योंकि ड्यूटी पर तैनात महिला डॉक्टर बिंदू गुप्ता ने अचानक लंबी छुट्टी ले ली है. यह विवाद तब सुर्खियों में आया जब डॉ. बिंदू गुप्ता ने अस्पताल के वार्ड को छोड़कर अपने परिवार के साथ शहर छोड़ दिया.
ऑफ कैमरा बातचीत में डॉ. गुप्ता ने बताया कि अस्पताल के प्रभारी इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं, जिसके कारण उन्हें और उनके परिवार को लगातार धमकियां मिल रही हैं. इन धमकियों से परेशान होकर उनका परिवार दहशत में है. इस वजह से उन्होंने सात दिन के अवकाश पर जाने का फैसला किया है.
डॉ. गुप्ता ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि अस्पताल प्रभारी ने इस मामले में उचित कार्रवाई नहीं की, तो वे अनिश्चितकालीन अवकाश पर चली जाएंगी.यह घटना टोंक में चर्चा का विषय बन गई है, क्योंकि जनाना अस्पताल में पहले से ही चिकित्सकों की कमी एक बड़ी समस्या है. डॉ. गुप्ता के इस कदम ने अस्पताल प्रशासन पर सवाल उठाए हैं.
स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्पताल में मरीजों की देखभाल पहले ही अपर्याप्त संसाधनों के कारण प्रभावित हो रही है, और अब इस तरह की घटनाएं स्थिति को और जटिल बना रही हैं. कुछ लोगों ने प्रशासन से इस मामले में तुरंत हस्तक्षेप करने और डॉ. गुप्ता को सुरक्षा प्रदान करने की मांग की है. दूसरी ओर, कुछ लोग इस विवाद को सामाजिक और धार्मिक मुद्दों से जोड़कर देख रहे हैं, जिससे मामला और संवेदनशील हो गया है.
अस्पताल प्रभारी की चुप्पी और कार्रवाई में देरी ने न केवल डॉ. गुप्ता के परिवार को असुरक्षित महसूस कराया है, बल्कि यह अन्य कर्मचारियों के मनोबल पर भी असर डाल सकता है. इस स्थिति को जल्द से जल्द सुलझाने की आवश्यकता है ताकि अस्पताल में चिकित्सा सेवाएं सुचारु रूप से चल सकें.
टोंक जनाना अस्पताल में हिजाब विवाद: ताजा अपडेटटोंक के जनाना अस्पताल में हिजाब को लेकर शुरू हुआ विवाद अब और तूल पकड़ रहा है. यह मामला तब शुरू हुआ जब वरिष्ठ महिला डॉक्टर बिंदू गुप्ता ने एक मुस्लिम इंटर्न छात्रा उमेमा को ड्यूटी के दौरान हिजाब उतारने के लिए कहा. डॉ. गुप्ता ने तर्क दिया कि मरीजों की सुरक्षा के लिए चेहरा दिखना जरूरी है, खासकर इंजेक्शन लगाने जैसे कार्यों में. वहीं, उमेमा ने हिजाब को अपनी धार्मिक आस्था का हिस्सा बताते हुए इसे उतारने से इनकार कर दिया. इस बहस का वीडियो, जो उमेमा ने स्वयं रिकॉर्ड किया, सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसके बाद मामला और गहरा गया.
इस विवाद के बाद, डॉ. बिंदू गुप्ता ने अचानक सात दिन की छुट्टी ले ली और अपने परिवार के साथ टोंक शहर छोड़ दिया. ऑफ कैमरा बातचीत में उन्होंने बताया कि अस्पताल प्रभारी द्वारा कोई कार्रवाई न करने और लगातार मिल रही धमकियों के कारण उनका परिवार दहशत में है.
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