राजस्थान: अल्बर्ट हॉल में होता आया है श्रीराम का राजतिलक, पहली बार हुआ शपथ ग्रहण

 जयपुर में आजादी के बाद से ही रामलीला का मंचन के दौरान भगवान श्रीराम का राजतिलक अल्बर्ट हॉल पर ही हुआ करता था. 

राजस्थान: अल्बर्ट हॉल में होता आया है श्रीराम का राजतिलक, पहली बार हुआ शपथ ग्रहण
भगवान श्रीराम के बाद अशोक गहलोत और सचिन पायलट का राजतिलक अल्बर्ट हॉल में हुआ. (फाइल फोटो)

आशीष चौहान, जयपुर: अशोक गहलोत ने भले ही राजस्थान के 23 वें मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ अल्बर्ट हॉल में ली है, लेकिन इससे पहले भी अल्बर्ट हॉल राजतिलक का गवाह रहा है. जयपुर में आजादी के बाद से ही रामलीला का मंचन होता रहा है, जब से बरसों तक भगवान श्रीराम का राजतिलक अल्बर्ट हॉल पर ही हुआ करता था. लेकिन लोकतंत्र में पहली बार किसी मुख्यमंत्री के तौर पर अल्बर्ट हॉल पर अशोक गहलोत का राजतिलक हुआ है. 

अब तक जयपुर के अल्बर्ट हॉल पर रामलीला के मंचन के दौरान भगवान श्रीराम का राजतिलक हुआ करता था, लेकिन पहली बार लोकतंत्र में किसी राजनेता ने मुख्यमंत्री के तौर पर यहां शपथ ली है. इसके साथ साथ सचिन पायलट ने भी उपमुख्यमंत्री का पदभार संभाला. 

आज से पहले रामलीला में भगवान श्रीराम का राजतिलक हुआ करता था,लेकिन अब इतिहास के पन्नों में अशोक गहलोत और सचिन पायलट के नाम भी अल्बर्ट हॉल पर हुए राजतिलक में शामिल हो गए. वैसे सीएम अशोक गहलोत भी कई बार अपने बयान में ये कहते रहे है कि राम रूठ जाए,लेकिन राज नहीं रूठे.

जानिए क्या है इतिहास जयपुर के अल्बर्ट हॉल का 

जयपुर के महाराजा राम सिंह ने 6 फ़रवरी 1876 को अल्बर्ट हॉल का निर्माण करवाया था. जिसके बाद भारत की आजादी के बाद से भगवान श्री राम का राजतिलक का हर बार ग्वाह बनता था. वैसे तो रोजाना अल्बर्ट हॉल की सुदंरता का देखने के लोग यहां आया करते थे, लेकिन आज गहलोत और पायलट की ताजपोशी देखने अल्बर्ट हॉल हजारों लोग पहुंचे. अब जब भी इतिहास में अल्बर्ट हॉल का नाम आएगा, तो उसमें अशोक गहलोत और सचिन पायलट की ताजपोशी का जिक्र भी जरूर होगा. भगवान राम के बाद अब पहली बार लोकतंत्र की शपथ इस हॉल में हुई है.