आसाराम ने गवर्नर के समक्ष दया याचिका दायर की, आजीवन कारावास की सजा कम करने की मांग की

जोधपुर की एक अदालत ने आसाराम के आश्रम में पांच साल पहले एक किशोरी के साथ बलात्कार के मामले में दोषी पाए जाने के बाद 25 अप्रैल को आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी.

आसाराम ने गवर्नर के समक्ष दया याचिका दायर की, आजीवन कारावास की सजा कम करने की मांग की
आसाराम ने दो जुलाई को हाईकोर्ट में सजा को चुनौती दी थी..(फाइल फोटो)

जोधपुर: बलात्कार के मामले में जेल की सजा काट रहे आसाराम ने अपनी आजीवन कारावास की सजा कम करने की मांग को लेकर राजस्थान के राज्यपाल के समक्ष एक दया याचिका दायर की है. आसाराम को एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्कार का दोषी ठहराया गया है. जोधपुर की एक अदालत ने आसाराम के आश्रम में पांच साल पहले एक किशोरी के साथ बलात्कार के मामले में दोषी पाये जाने के बाद उन्हें 25 अप्रैल को आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी. 

गृह मंत्रालय भेजी गई दया याचिका
आसाराम ने दो जुलाई को हाईकोर्ट में सजा को चुनौती दी थी लेकिन सुनवाई के लिए अभी तक याचिका को सूचीबद्ध नहीं किया गया है. राज्यपाल कल्याण सिंह को हाल ही में आसाराम की दया याचिका मिली है जिसे उन्होंने गृह मंत्रालय को भेजते हुए एक विस्तृत रिपोर्ट तलब की है. आसाराम की दया याचिका के मुताबिक, उन्होंने आजीवन कारावास की सजा को ‘कठोर’ बताते हुए अपनी उम्र का हवाला दे इसे कम करने की मांग की है. इसके बाद विभाग ने जोधपुर सेन्ट्रल जेल प्रशासन के पास याचिका भेज दी जिसने जिला प्रशासन और पुलिस से एक रिपोर्ट मांगी है.

जोधपुर सेन्ट्रल जेल के अधीक्षक कैलाश त्रिवेदी ने बताया, "हमें आसाराम की दया याचिका मिली है. हमने इस दया याचिका पर जिला प्रशासन और पुलिस से एक रिपोर्ट मांगी है." रिपोर्ट मिलने के बाद जेल प्रशासन इसे राजस्थान के महानिदेशक (जेल) को भेजेंगे. 16 वर्षीय लड़की ने अपनी शिकायत में कहा था कि आसाराम ने जोधपुर के निकट मनाई इलाके में स्थित अपने आश्रम में उसे बुलाया और 15 अगस्त 2013 की रात में उसके साथ बलात्कार किया. उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर की किशोरी मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में आसाराम के आश्रम में पढ़ाई करती थी.