बाड़मेर में शर्मनाक खुलासा होने के बाद टीना डाबी ने डीपफेक के आरोपी से छीना 26 जनवरी का सम्मान, MLA ऋतु बनावत के डीपफेक स्कैंडल में बड़ा ट्विस्ट

राजस्थान में डीपफेक वीडियो प्रकरण ने फिर से राजनीतिक तूफान खड़ा कर दिया है. बाड़मेर जिला कलक्टर टीना डाबी ने त्वरित संज्ञान लेते हुए गुरुवार को आदेश जारी कर दिनेश मांजू को दिया गया जिला स्तरीय सम्मान और प्रशस्ति पत्र तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया.

बाड़मेर में शर्मनाक खुलासा होने के बाद टीना डाबी ने डीपफेक के आरोपी से छीना 26 जनवरी का सम्मान, MLA  ऋतु बनावत के डीपफेक स्कैंडल में बड़ा ट्विस्ट
Image Credit: MLA deepfake video

MLA deepfake video: राजस्थान में डीपफेक वीडियो प्रकरण ने फिर से राजनीतिक घमासान मचा दिया है. बयाना विधायक डॉ. ऋतु बनावत के गंभीर आरोपों के बाद बाड़मेर जिला कलक्टर टीना डाबी ने मुख्य आरोपी दिनेश मांजू से गणतंत्र दिवस पर दिया गया जिला स्तरीय सम्मान तत्काल प्रभाव से वापस ले लिया है.

विधायक के आरोप और विवाद की शुरुआत
एक दिन पहले बयाना (भरतपुर) की निर्दलीय विधायक डॉ. ऋतु बनावत ने विधानसभा बजट सत्र के दौरान मीडिया से बातचीत में खुलासा किया कि जनवरी 2024 में उनके नाम और फोटो का दुरुपयोग कर बनाया गया एक डीपफेक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था. इस फर्जी वीडियो से उनकी राजनीतिक और सामाजिक छवि को जानबूझकर नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई.

Add Zee News as a Preferred Source

विधायक ने बताया कि वीडियो रील्स के रूप में विभिन्न अकाउंट्स से शेयर किया गया. मामले की शिकायत पर भरतपुर के बयाना थाने में एफआईआर दर्ज हुई, जिसमें दिनेश मांजू (सेड़वा, बाड़मेर निवासी) मुख्य आरोपी है. विधायक ने सवाल उठाया कि जिस व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर है, उसी को बाड़मेर जिला प्रशासन ने 26 जनवरी 2026 को गणतंत्र दिवस पर वन्यजीव एवं पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित किया.

कलक्टर टीना डाबी की त्वरित कार्रवाई
विधायक के बयान के बाद मामला तूल पकड़ गया. बाड़मेर जिला कलक्टर टीना डाबी ने गुरुवार को आदेश जारी कर दिनेश मांजू को दिया गया जिला स्तरीय सम्मान और प्रशस्ति पत्र निरस्त कर दिया. आदेश में एसपी बाड़मेर की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा गया कि आरोपी के खिलाफ पुलिस में प्रकरण दर्ज है, इसलिए सम्मान वापस लिया जा रहा है.

दिनेश मांजू ने अपने आवेदन में पर्यावरण संरक्षण के कार्यों का जिक्र किया था, जिसके आधार पर जिला स्तरीय समिति ने उन्हें चयनित किया था. लेकिन अब यह सम्मान पूरी तरह रद्द कर दिया गया है.

पूरा मामला और जांच की स्थिति
यह प्रकरण जनवरी 2024 का है, जब विधायक ऋतु बनावत ने डीपफेक वीडियो की शिकायत की थी. विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने संज्ञान लेते हुए भरतपुर आईजी से रिपोर्ट तलब की और जांच के निर्देश दिए थे.

आरोपी दिनेश मांजू अभी तक गिरफ्तार नहीं हुए हैं, जिस पर विधायक ने नाराजगी जताई. इस घटना ने डीपफेक और सोशल मीडिया पर फर्जी कंटेंट के दुरुपयोग को लेकर गंभीर बहस छेड़ दी है. प्रशासन की इस कार्रवाई से जांच की निष्पक्षता पर उठे सवालों का जवाब मिलने की उम्मीद है.

ट्रेंडिंग न्यूज़

About the Author

Ansh Raj

Ansh Raj

अंश राज, Zee Rajasthan में सब-एडिटर के तौर पर कार्यरत है. राजस्थान की हर छोटी-बड़ी खबर पर पैनी नजर रखते हैं. क्राइम, पॉलिटिक्स और पावर कॉरिडोर की खबरों में खास दिलचस्पी. ऑपरेशन सिंदूर से लेकर विधानसभा चुनाव और प्रदेश के दिग्गज नेताओं के हर बयान पर नजर. हेडलाइन से खेलना, खबर की काट-छांट करने में मजा आता है. इसके अलावा कंटेंट को पैकेजिंग करके परोसना इनकी खासियत है. डिजिटल मीडिया में करीब 3 साल का अनुभव. इससे पहले Zee Uttar Pradesh/Uttarakhand और Zee Bharat के साथ काम कर चुके हैं. चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय से जर्नलिज्म में मास्टर्स किया है और वर्तमान में मेरठ कॉलेज से LLB की पढ़ाई कर रहे हैं. खबरों की गंध सूंघने और उसे सबसे पहले, सबसे तेज परोसने का जुनून. यही अंश राज हैं
Read More