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राजस्थान: अवैध बूस्टर अभियान शुरू होने से पहले फेल, अधिकारी फील्ड से नदारद

तापमान बढ़ने के साथ ही शहर में पानी की मांग बढ़ने लगी है. ऐसे में कई लोग अवैध रुप से बूस्टर लगा कर पानी खींचने लगे हैं. 

राजस्थान: अवैध बूस्टर अभियान शुरू होने से पहले फेल, अधिकारी फील्ड से नदारद
कई इलाकों में बूस्टर्स का अवैध जाल बिछा है.

जयपुर: पिंकसिटी में गर्मी बढ़ने के साथ ही लोग दूसरे के हिस्से का पानी खींचने के लिए धड़ल्ले से बूस्टर लगा कर पानी खींच रहे हैं. वहीं पानी की पाइपलाइन के टेल एंड के कनेक्शनों तक पूरा पानी पहुंचाने में बाधा बन रहे अवैध बूस्टरों पर जलदाय विभाग के इंजीनियरों ने अब तक कार्रवाई शुरू नहीं की है. जबकि हर साल 15 अप्रैल तक अवैध बूस्टरों के खिलाफ अभियान चला कर जब्ती की कार्यवाही शुरू हो जाती थी, लेकिन विभाग के जेईएन एईएन के रोजाना सुबह जल्द फील्ड में जाने से बचने के कारण अभी तक अभियान शुरू हो सका है. 

अब आला अधिकारी एक दो दिन में आदेश निकाल कर अभियान शुरू करने की बात कह रहे हैं. तापमान बढ़ने के साथ ही शहर में पानी की मांग बढ़ने लगी है. ऐसे में कई लोग अवैध रुप से बूस्टर लगा कर पानी खींचने लगे हैं. अवैध बूस्टरों के कारण पाइपलाइनों के टेल एंड पर पानी नहीं पहुंचने की शिकायते भी बढ़ी है. 

जलदाय विभाग के अतिरिक्त मुख्य अभियंता देवराज सोलंकी का कहना था कि 15 अप्रैल से अवैध बूस्टर्स पर कार्रवाई की जाएगी.शहर के अलग अलग हिस्सों से आई शिकायतों के आधार पर कार्रवाई होगी.यह अभियान 30 जून तक चलाया जाएगा,इसके लिए अधिकारियों को आदेश भी दे दिए गए है.लेकिन अब उनके ही आदेश की हवा हवाई जेईएन एईएन उडा रहे है.

जयपुर में शहर के प्रतापनगर, जवाहरनगर, ज्योतिनगर, सी-स्कीम, सोडाला, आदर्शनगर, तिलकनगर, बापूनगर, जगतपुरा, विद्याधरनगर, शास्त्रीनगर, चारदीवारी सहित अन्य इलाकों में बूस्टर की समस्या है. खबर के मुातबिक इन इलाकों में बूस्टर्स का अवैध जाल बिछा है.

जलदाय विभाग के एक्ट में अवैध रुप से लगे बूस्टर को जब्त करने के साथ ही जुर्माना लगाने का भी प्रावधान है. जब्त बूस्टर मानसून के बाद ही छोड़ा जाता है, ताकि कोई उपभोक्ता गर्मियों के दौरान उसका उपयोग नहीं कर सके. इसके साथ ही ज्यादा प्रभावित इलाकों में पेयजल सप्लाई के दौरान बिजली कटौती का भी प्रावधान किया हुआ है लेकिन अभियान को शुरू होने से पहले ही जंग लग गई है और अब तक अवैध बूस्टर्स पर कोई कार्रवाई नहीं हो पाई.

ऐस में जलदाय विभाग के पूरे सिस्टम पर लगातार सवाल उठ रहे है. एक तरफ गर्मी में पानी की किल्लत और दूसरी तरह अवैध पानी की सप्लाई हो रही है. ऐसे में कब जलदाय विभाग आंखे खुलेगी और कब इन अवैध बूस्टर्स पर कार्रवाई होती रहेगी.