डूंगरपुर में BJP-कांग्रेस आमने-सामने, एक सीट पर मुकाबला हुआ त्रिकोणीय

जिले की चौरासी विधानसभा सीट से सबसे ज्यादा 9 उम्मीदवार मैदान में हैं. लेकिन यह सीट इसलिए भी खास है क्योंकि यहां से भाजपा के राज्यमंत्री सुशील कटारा मैदान में है

डूंगरपुर में BJP-कांग्रेस आमने-सामने, एक सीट पर मुकाबला हुआ त्रिकोणीय
जिले में मतदान के लिए एक हजार 15 मतदान केंद्र बनाए गए हैं

डूंगरपुर/अखिलेश शर्मा: डूंगरपुर जिले में लोकतंत्र के महापर्व विधानसभा चुनाव के लिए 7 दिसंबर को चार सीटों के लिए मतदान होगा. डूंगरपुर की चार विधानसभा सीटों पर 9 लाख 29 हजार 822 मतदाता, 27 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला वीवीपेट व इवीएम मशीन में कैद करेंगे, मतदान के लिए एक हजार 15 मतदान केंद्र बनाए गए हैं वहीं मतदान को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किये गए है. सुरक्षा में 4 हजार से अधिक सुरक्षा के जवान तैनात रहेंगे. 

विधानसभा चुनाव के तहत डूंगरपुर जिले की डूंगरपुर, आसपुर, चौरासी और सागवाड़ा सीट के लिए 7 दिसंबर को मतदान होगा. मतदान के तहत डूंगरपुर विधानसभा सीट पर  7 उम्मीदवार मैदान में है. भाजपा से माधवलाल वरहात, कांग्रेस से, गणेश घोघरा मैदान में हैं. वहीं भाजपा के बागी विधायक व निर्दलीय उम्मीदवार देवेंद्र कटारा व भारतीय ट्राइबल पार्टी) के वेलाराम घोघरा के बीच मुकाबला है. इधर सागवाड़ा विधानसभा सीट से 6 उम्मीदवार मैदान में है. जिसमे भाजपा से शंकरलाल डेचा, कांग्रेस से पूर्व विधायक सुरेंद्र बामणिया मैदान में है. वही. भाजपा से बागी विधायक अनिता के निर्दलीय मैदान में होने से मुकाबला त्रिकोणीय हो गया है. 

इधर जिले की चौरासी विधानसभा सीट से सबसे ज्यादा 9 उम्मीदवार मैदान में हैं. लेकिन यह सीट इसलिए भी खास है क्योंकि यहां से भाजपा के राज्यमंत्री सुशील कटारा मैदान में है और उनके सामने कांग्रेस से 4 बार प्रधान रही मंजूला रोत सीधी टक्कर दे रही हैं. साथ ही बीटीपी व निर्दलीय उम्मीदवार भी इस सीट से अपनी किस्मत आजमा रहे है. 

जबकि जिले की चौथी सीट आसपुर विधानसभा से 5 उम्मीदवार मैदान में है. लेकिन यहां सीधा मुकाबला भाजपा और कांग्रेस के बीच है. भाजपा से मौजूदा विधायक गोपीचंद मीणा और कांग्रेस से पूर्व में चार बार विधायक रहे राईया मीणा के बीच मुकाबला है. 

उधर मतदान को लेकर निर्वाचन विभाग ने सभी तैयारिया कर ली है. मतदान को लेकर निर्वाचन विभाग ने 1 हजार 15 बूथ बनाए गए है जिसमे 266 बूथ को निर्वाचन विभाग ने क्रिटिकल माना है. इधर  निर्वाचन विभाग 59 बूथों पर लाइव वेब कास्टिंग के जरिये नजर रखेगा.  निर्वाचन विभाग ने चार मतदान केंद्र आदर्श व महिलाओं के लिए अलग से चार मतदान केंद्र भी बनाए है. 

निर्वाचन विभाग ने मतदान को शान्तिपूर्ण करवाने के लिए सुरक्षा के भी कड़े इंतजाम किये हैं. मतदान के लिए सुरक्षा को लेकर बीएसएफ, सीआईएसएफ, सीआरपीएफ एवं आरपीएसएफ पेरामिलेट्री की नौ कम्पनियों सहित 4 हजार से अधिक सुरक्षा कर्मी तैनात रहेंगे. इसके आलावा जिले में एक सौ आठ सेक्टर मजिस्ट्रेट के समान्नतर एक सौ आठ मोबाईल दलों का गठन किया गया है. इसके साथ ही कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिले में बारह क्विक रेस्पॉस टीम का गठन किया है.
 
साथ ही लोकतंत्र के महापर्व विधानसभा चुनाव में अधिक से अधिक मतदाताओं की भागीदारी के लिए स्वीप कार्यक्रम के जरिये लोगो को जागरूक भी किया गया और निर्वाचन विभाग को उम्मीद है की इस बार वोटिंग प्रतिशत भी बढ़ेगा.अब देखना ये है कि जनता किस दल के हाथों में राजस्थान की कमान सौंपती है.