जयपुर: BJP के CM को विशेषाधिकार हनन का नोटिस देने पर महेश जोशी का बड़ा बयान...

कटारिया ने कहा कि, जोशी ने अपनी तरफ से लगाये आरोप साबित नहीं किए तो वे, उनके खिलाफ भी कार्रवाई करेंगे.  

जयपुर: BJP के CM को विशेषाधिकार हनन का नोटिस देने पर महेश जोशी का बड़ा बयान...
जोशी ने कहा कि यह सिर्फ बीजेपी की बौखलाहट है.

शशि मोहन/जयपुर: राज्यसभा चुनाव (Rajyasabha Chunav 2020) के 20 दिन बाद एक बार फिर से हॉर्स ट्रेडिंग (Horse Trading) का जिन्न जाग उठा है. हालांकि, इस जिन्न ने अब अपना रूप बदलकर विशेषाधिकार हनन के नोटिस का आकार ले लिया है. पहले निर्दलीय विधायक संयम लोढ़ा ने सतीश पूनिया के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस दिया तो, अब बीजेपी के विधायकों ने इस मामले में मुख्यमंत्री की घेराबंदी शुरू कर दी. बीजेपी ने विधानसभा के सचिव को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस सौंपकर प्रदेश की राजनीति में सरगर्मी बढ़ा दी है.

वहीं, नोटिस देने के बाद नेता प्रतिपक्ष गुलाबचन्द कटारिया ने कहा कि, सतीश पूनिया के खिलाफ जिस तर्क के साथ नोटिस दिया गया उसी आधार पर मुख्यमंत्री के खिलाफ नोटिस दिया गया है. मुख्यमन्त्री के खिलाफ बीजेपी ने नोटिस दिया तो नेता प्रतिपक्ष गुलाबचन्द कटारिया ने सरकारी मुख्य सचेतक महेश जोशी पर भी तल्खी दिखाई. कटारिया ने कहा कि, जोशी ने अपनी तरफ से लगाये आरोप साबित नहीं किए तो वे, उनके खिलाफ भी कार्रवाई करेंगे.

इधर, महेश जोशी भी अपने खिलाफ होने वाली किसी भी कार्रवाई के लिए पूरी तरह तैयार दिख रहे हैं. सरकारी मुख्य सचतेक कहते हैं कि, हॉर्स ट्रेडिंग के आरोप पहले खुद उन्होंने ही लगाए थे, इसलिए बीजेपी को नोटिस या मानहानि की जो भी कार्रवाई करनी है वह उनके खिलाफ करे. मुख्यमंत्री गहलोत के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस दिये जाने के मामले पर जोशी ने कहा कि यह सिर्फ बीजेपी की बौखलाहट है और वह पूरे मुद्दे से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है.