राजस्थान में धर्मांतरण के मुद्दे पर BJP ने गहलोत सरकार पर साधा निशाना, कहा...

गोठवाल ने कहा कि सरकार को ऐसे मामलों में ध्यान देना होगा और दलित परिवारों को संरक्षण देते हुए जबरन धर्मांतरण कराने वालों से बचाना भी होगा.

राजस्थान में धर्मांतरण के मुद्दे पर BJP ने गहलोत सरकार पर साधा निशाना, कहा...
राजस्थान में धर्मांतरण के मुद्दे पर BJP ने गहलोत सरकार पर साधा निशाना. (फाइल फोटो)

शशि भूषण/जयपुर: अलवर में मेवात क्षेत्र के नेमचन्द जाटव के जबरन धर्मान्तरण के मामले में बीजेपी ने राजस्थान पुलिस के साथ ही सरकार पर सवाल उठाए हैं. बीजेपी के प्रदेश महामंत्री मदन दिलावर के साथ ही प्रदेश मंत्री जितेन्द्र गोठवाल ने भी इस घटना पर अपना विरोध दर्ज कराया है. गोठवाल ने कहा कि राजस्थान को धर्मांतरण का केंद्र नहीं बनने देंगे तो वहीं दिलावर ने कहा मेवात क्षेत्र को हिंदू विहीन करने की साजिश हो रही है और इसे सरकार का भी परोक्ष समर्थन दिख रहा है. 

दरअसल, राजस्थान में जबरन धर्मांतरण का मामला गर्माता दिख रहा है. अलवर के बड़ौदामेव के रहने वाले नेमचन्द जाटव ने कोर्ट में प्रार्थना पत्र के जरिए खुद के जबरन धर्मांतरण की शिकायत की है. मामला उजागर होने के बाद बीजेपी भी इस मामले में सरकार पर हमलावर हो गई है. बीजेपी के प्रदेश महामंत्री मदन दिलावर ने कहा कि नेमचंद और उसके परिवार का अपहरण किया, उसे प्रलोभन दिया और जबरन धर्मान्तरण के कागजों पर दस्तखत कराए गए.

दिलावर ने कहा कि उसे जमात में ले जाकर उसका खतना करवाया गया और उसकी पत्नी के साथ जबरदस्ती भी करने की कोशिश की गई. मदन दिलावर ने राजस्थान पुलिस पर आरोप लगाते हुए कहा कि बड़ी मुश्किल से जबरन धर्मान्तरण कराने वालों के चंगुल से एक दलित भागकर बाहर आया. लेकिन बड़ौदामेव की पुलिस ने उसकी एक नहीं सुनी.

दिलावर ने कहा कि यह घटना तो उजागर हो गई. इसलिए सबको पता लग गया. वरना मेवात क्षेत्र को तो हिन्दू विहीन बनाने की कोशिश हो रही है. वहीं, बीजेपी के प्रदेश मंत्री  जितेंद्र गोठवाल भी इस मामले पर सक्रियता दिखा रहे हैं. गोठवाल ने कहा कि मेवात क्षेत्र से दलित समाज के लोगों के उनके पास भी फोन आए हैं.

गोठवाल ने कहा कि वे राजस्थान को धर्मांतरण का केन्द्र नहीं बनने देंगे. गोठवाल ने कहा कि सरकार को ऐसे मामलों में ध्यान देना होगा और दलित परिवारों को संरक्षण देते हुए जबरन धर्मांतरण कराने वालों से बचाना भी होगा. बीजेपी प्रदेश मंत्री ने कहा कि अगर सरकार इस मामले में सख्त नहीं हुई तो वे तेज आंदोलन करेंगे. 

मदन दिलावर ने कहा कि मेवात क्षेत्र में में लोग आशंकित हैं और आए दिन होने वाली इस तरह की घटनाओं से परेशान भी हैं. दिलावर ने कहा कि आए दिन मासूम बच्चियों को दुष्कर्म का शिकार बनाया जा रहा है और इन सब पर भी वहां के विधायक और अन्य जनप्रतिनिधि मिले हुए हैं.

दिलावर ने कहा कि जब से मेवात विकास बोर्ड बना है, तब से उस क्षेत्र के हिन्दू अपने जान-माल और परिवार की सुरक्षा को लेकर हमेशा आशंकित रहते हैं और यह स्थिति बेहत चिंताजनक है. इस मामले में पीड़ित नेमचन्द जाटव भले ही अलवर का रहने वाला हो. लेकिन यह पूरा मामला पड़ौसी राज्य हरियाणा का है.

हरियाणा में बीजेपी की सरकार है और इस पर जब दिलावर से सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि चाहे सरकार कांग्रेस की हो या बीजेपी की, इस तरह के अपराधियों पर तुरंत कार्रवाई होनी चाहिए. दिलावर ने कहा कि पड़ोसी राज्य के मुख्यमंत्री भी आरोपियों पर कार्रवाई के निर्देश दे चुके हैं. 

हरियाणा के वल्लभगढ़ में निकिता को गोली मारने के बाद यह नेमचन्द का मामला दूसरी ऐसी घटना है, जिसे दो समुदायों के मामले के रूप में देखा जा रहा है. इस मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए अब दोनों राज्यों को सक्रियता से काम करने के साथ ही पूरे मामले को सजगता से लेना होगा.