कोविड-19 जागरूकता अभियान का कोटा में आगाज, मंत्री बोले- डरें नहीं, बस सतर्क रहें

आम नागरिक बचाव के तरीके अपनाकर स्वयं को तथा समाज को सुरक्षित कर सकें.

कोविड-19 जागरूकता अभियान का कोटा में आगाज, मंत्री बोले- डरें नहीं, बस सतर्क रहें
प्रभारी मंत्री ने कहा कि प्रदेश में श्रमिकों को पैदल नहीं चलने दिया.

कोटा: परिवहन और सैनिक कल्याण विभाग मंत्री और जिला प्रभारी मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास ने कहा कि कोरोना से बचाव के लिए अब डरने की नहीं बल्कि सतर्क रहने की आवश्यकता है. सरकार की मंशा है कि प्रत्येक व्यक्ति जागरूक बने, सतर्क रहे और संक्रमण से बचाव के तरीके दिनचर्या में शामिल कर सुरक्षित रहें.

परिवहन मंत्री नगर विकास न्यास के ऑडिटोरियम में आयोजित कोविड जागरूकता अभियान के जिला स्तरीय समारोह में उपस्थित संभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत द्वारा आमजन की सुरक्षा के लिए जागरूकता कि यह विशेष पहल की गई है, जिससे आम नागरिक बचाव के तरीके अपनाकर स्वयं को तथा समाज को सुरक्षित कर सकें. 

प्रदेश में कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए जिस टीम भावना के साथ जनप्रतिनिधियों, सामाजिक-धार्मिक संगठनों और प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा कार्य किया गया है, जिसकी संपूर्ण देश में रोल मॉडल के रूप में सराहना की गई है. आगामी समय में कोरोना से बचाव के लिए प्रत्येक नागरिक को जीवन में मास्क लगाने, सामाजिक दूरी रखने, बार-बार हाथ धोने व सार्वजनिक स्थानों पर नहीं थूकने को अपनाना होगा. उन्होंने कहा कि यह हमारी सरकार द्वारा लॉक डाउन के दौरान मुख्यमंत्री के आधार वाक्य राज्य में कोई भूखा नहीं सोए को फलीभूत करते हुए एक करोड़ लोगों के खातों में सीधी राशि तथा 5 करोड़ लोगों को राशन उपलब्ध कराने का कार्य किया गया.

जरूरतमंदों को रोजगार उपलब्ध कराने की पहल 
प्रभारी मंत्री ने कहा कि प्रदेश में श्रमिकों को पैदल नहीं चलने दिया. बिना भेदभाव के दो माह का राशन तथा सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ दिया गया. मनरेगा में सभी जरूरतमंदों को रोजगार उपलब्ध कराने की पहल की गई. उन्होंने कहा कि राजस्थान पहला राज्य है, जिसमें श्रमिकों के लिए बसें चलाई है, अस्थिकलश ले जाने के लिए हरिद्वार तक निशुल्क बस सेवाएं प्रदान की हैं. उन्होंने कहा कि हमारे चिकित्सा कर्मियों, पुलिस, प्रशासन, भामाशाह द्वारा जिस सेवा भावना के साथ इस दौरान कार्य किया है, उससे राजस्थान जल्दी कोरोना मुक्त प्रदेश बनेगा. 

प्रभारी मंत्री ने जिला प्रशासन द्वारा कोचिंग विद्यार्थियों तथा प्रवासी श्रमिकों की घर वापसी के लिए किये गए सफल प्रयासों की सराहना करते हुए अस्पताल प्रबंधन द्वारा 90 प्रतिशत से अधिक रोगियों को स्वस्थ करने पर बधाई दी. उन्होंने कहा कि कोटा को शिक्षा नगरी के रूप में जाना जाता है, यहां देश भर के विद्यार्थी आते हैं. प्रशासन और भामाशाहों द्वारा अभिभावकों की भांति देखभाल करते हुए उन्हें घर तक पहुंचाया, जिसमें कोई भी विद्यार्थी पॉजिटिव नहीं पाया गया, इसकी देश भर में सराहना हो रही है.

प्रचार सामग्री का विमोचन
कोरोना महामारी संक्रमण से बचाव एवं सावधानियों के लिए अपनाई जाने वाली चार बातों के संबंध में सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग द्वारा प्रकाशित प्रचार साहित्य का जिला प्रभारी मंत्री ने विधिवत विमोचन किया. उन्होंने कहा कि कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए तैयार किया गया. प्रचार साहित्य हर नागरिक तक पहुंचे, इसके लिए हम सभी को प्रयास करना होगा. उन्होंने कहा कि प्रचार सामग्री में लोगों को अपने जीवन को सावधानियां अपनाकर बचाव का सार्थक संदेश दिया गया है. प्रचार साहित्य का उपस्थित जनों को वितरण भी किया गया. इस अवसर पर सम्पूर्ण स्वच्छता अभियान द्वारा तैयार की गई कोरोना जागरूकता पुस्तक तथा परिवहन विभाग द्वारा तैयार की गई कोरोना और सड़क सुरक्षा जागरूकता पोस्टर का भी विमोचन किया.

कोरोना जागरूकता की ली शपथ
कार्यक्रम के दौरान कोरोना महामारी संक्रमण के बचाव के लिए अपनाई जाने वाली सावधानियों के संबंध में ध्यान रखने वाली चार बातों को अपने जीवन में लगातार आत्मसात करने की प्रभारी मंत्री ने उपस्थित जनों को शपथ ग्रहण करवाई.

जागरूकता रथ देगा संदेश
जिला प्रभारी मंत्री ने कार्यक्रम के पश्चात् चिकित्सा विभाग द्वारा तैयार किए गए जागरूकता रथों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. प्रचार रथ में कोरोना बचाव के बारे में महत्वपूर्ण जानकारियां एवं मुख्यमंत्री की अपील भी जागरूकता का संदेश दे रही है. इसी के साथ कठपुतली शो के माध्यम से भी आमजन को जागरूक किया जाएगा. कलाकार गांवों में जाकर कठपुतली शो के माध्यम से कोरोना के प्रति लोगों को जागरूक करेंगे.