कांग्रेस की चार पीढ़ी ने भ्रष्टाचार को ही अपना शिष्टाचार बना लिया था: PM मोदी

 कांग्रेस पर प्रहार करते हुए मोदी ने कहा कि 'एक कन्फ्यूज नेतृत्व और फ्यूज पार्टी' देश का भला नहीं कर सकती. 

कांग्रेस की चार पीढ़ी ने भ्रष्टाचार को ही अपना शिष्टाचार बना लिया था: PM मोदी
मोदी ने कहा भ्रष्टाचार इनकी राजनीति का ही हिस्सा है

जयपुर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नेशनल हेराल्ड मामले में उच्चतम न्यायालय के फैसले को जिक्र करते हुए बुधवार को कहा कि एक 'चाय वाले' की हिम्मत से इस मामले में सरकार की उच्चतम न्यायालय में जीत हुई है. मोदी ने इसे ईमानदारी की जीत बताया. कांग्रेस पर प्रहार करते हुए मोदी ने कहा कि 'एक कन्फ्यूज नेतृत्व और फ्यूज पार्टी' देश का भला नहीं कर सकती. उन्होंने कहा कि वीवीआईपी हेलीकाप्टर घोटाले में बिचौलिए के पकड़े जाने से 'पूरा परिवार' कांप रहा है. 

विधानसभा चुनाव के प्रचार के अंतिम दिन प्रधानमंत्री ने राजस्थान के सुमेरपुर (पाली) और दौसा में चुनावी सभा को संबोधित किया और कांग्रेस पर भ्रष्टाचार को शिष्टाचार बनाने का आरोप भी लगाया. उल्लेखनीय है कि उच्चतम न्यायालय ने नेशनल हेराल्ड मामले में मंगलवार को कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी, उनकी मां सोनिया गांधी और कांग्रेस नेता आस्कर फर्नांडीज के खिलाफ 2011....12 का कर आकलन दोबारा खोलने की मंगलवार को मंजूरी दे दी.

इस ओर इशारा करते हुए मोदी ने यहां जनसभा में कहा, 'कल उच्चतम न्यायालय में भारत सरकार जीत गयी और उच्चतम न्यायालय ने कहा कि उनकी सारी पुरानी चीजें खोलने का भारत सरकार को हक है. अब मैं देखता हूं कितना बचके निकलते हो?' 

आगे उन्होंने कहा, 'क्या कभी किसी ने सोचा था कि ऐसे चार चार पीढ़ी से देश को चलाने वालों को एक चाय वाला... एक चाय वाला उनको अदालत के दरवाजे पर ले गया'. मोदी ने इसे ईमानदारी की जीत बताते हुए कहा, 'यह ईमानदारी की जीत है. देश के मेहनतकश इंसान की जीत है कि चार पीढ़ी से देश पर राज करने वाले लोगों को अदालत के दरवाजे पर जाना पड़ा और करोड़ों रुपये की हेराफेरी के मामले में जमानत पर बाहर निकले हैं'. 

इसके साथ मोदी ने कांग्रेस पर भ्रष्टाचार को शिष्टाचार बनाने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा, 'इनकी चार पीढ़ी ने भ्रष्टाचार को ही अपना शिष्टाचार बना लिया था. इन्होंने, ऐसा चरित्र निर्माण कर दिया था मानो भ्रष्टाचार राजनीति का हिस्सा ही है. जिस कांग्रेस ने भ्रष्टाचार को शिष्टाचार बना दिया, क्या वह भ्रष्टाचार से लड़ सकती है?'.

(इनपुट-भाषा)