&w=896&h=504&format=webp&quality=medium)
Jaipur News: जरा सोचिए जिस मोमो की चटनी को जयपुर के लोग दुकानदार से एक्स्ट्रा मांगकर खाते हैं, जिस मेयोनीज को सैंडविच के बीच में एक्स्ट्रा डलवाकर चांट-चांट कर खाते हैं, उसे बनाने का तरीका पता उन्हें पता चल जाए तो क्या होगा? वह सोच भी नहीं सकते हैं कि उनकी इन पसंदीदा चीजों को सड़े-गले कद्दू, फूड कलर और खतरनाक केमिकल से बनाया जा रहा था.
जयपुर के खो नागोरियान इलाके से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. यहां एक नकली सॉस और मेयोनीज बनाने वाली फैक्ट्री पर बड़ी कार्रवाई हुई है, जिसने पूरे शहर को हिलाकर रख दिया है. खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने छापा मारकर 1,000 लीटर से ज्यादा नकली टमाटर सॉस और करीब 20 ड्रम मेयोनीज जब्त किया है. चौंकाने वाली बात यह है कि इन उत्पादों को बनाने के लिए सड़े-गले कद्दू, फूड कलर और खतरनाक केमिकल का इस्तेमाल किया जा रहा था.
ड्रम और बर्तन सील कर दिए
फैक्ट्री का नाम श्री श्याम फूड फैक्ट्री बताया गया है, जहां यह गोरखधंधा चल रहा था. यह पूरी कार्रवाई सीएमएचओ जयपुर द्वितीय डॉ. मनीष मित्तल के नेतृत्व में की गई. टीम ने मौके से कई अहम सबूत भी जुटाए और नकली उत्पादों से भरे ड्रम और बर्तन सील कर दिए.
खतरनाक केमिकल मिलाए जा रहे थे
फैक्ट्री में चल रही गतिविधियों को देखकर टीम भी दंग रह गई. जांच में सामने आया कि टमाटर सॉस बनाने के लिए सड़े कद्दू और लाल फूड कलर का इस्तेमाल किया जा रहा था. वहीं, मेयोनीज तैयार करने के लिए अरारोट, गोंद और चिपकाने वाले खतरनाक केमिकल मिलाए जा रहे थे. यही नकली सॉस और मेयोनीज शहर भर के कैफे, रेस्टोरेंट और फूड स्टॉल्स तक सप्लाई किए जा रहे थे.
सीज करने की कार्रवाई शुरू की जाएगी
कार्रवाई के दौरान विभाग ने फैक्ट्री की सेल्स बुक भी जब्त कर ली है. अब यह पता लगाया जा रहा है कि किन-किन जगहों पर यह जहरीला सामान सप्लाई हुआ. फूड सेफ्टी टीम जल्द ही उन स्थानों पर भी छापेमारी करेगी और नकली उत्पादों को जब्त करेगी. मौके पर लिए गए सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं. रिपोर्ट आने के बाद फैक्ट्री पर सीज करने की कार्रवाई शुरू की जाएगी. फिलहाल, फैक्ट्री मालिक लवनीश कर्मचंदानी पर उत्पादन करने पर रोक लगा दी गई है.
गंभीर बीमारियों को भी न्योता दे सकते
इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र के लोग हैरान और चिंतित हैं. लोगों का कहना है कि अगर नकली सॉस और मेयोनीज की सप्लाई लगातार हो रही थी तो यह सीधे-सीधे सैकड़ों लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ था. ज़ी राजस्थान चैनल ने भी जनता से अपील की है कि वे खाने-पीने की चीजें खरीदते समय ब्रांड, सील और क्वालिटी की अच्छी तरह जांच करें. नकली और मिलावटी उत्पाद न सिर्फ स्वाद बिगाड़ते हैं बल्कि गंभीर बीमारियों को भी न्योता दे सकते हैं.
फिलहाल यह मामला शहर में चर्चा का विषय बन गया है और लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिरकार इतनी बड़ी नकली फैक्ट्री लंबे समय तक प्रशासन की नजरों से कैसे बची रही.
राजस्थान की ताज़ा ख़बरों के लिए ज़ी न्यूज़ से जुड़े रहें! यहां पढ़ें Rajasthan Newsऔर पाएं Jaipur Newsकी हर पल की जानकारी. राजस्थान की हर खबर सबसे पहले आपके पास, क्योंकि हम रखते हैं आपको हर पल के लिए तैयार. जुड़े रहें हमारे साथ और बने रहें अपडेटेड!