Jhunjhunu: उप चुनावों में Congress बागी ने जीता चुनाव, जीत के जुलूस में शामिल हुए BJP प्रत्याशी

इन चुनावों में भाजपा की जो किरकिरी हुई है, वह गली-गली में चर्चा का विषय बन गया है. सियासी गलियारों में तो खूब चटकारों के साथ चर्चित हो रही है.

Jhunjhunu: उप चुनावों में Congress बागी ने जीता चुनाव, जीत के जुलूस में शामिल हुए BJP प्रत्याशी
गोकुलचंद सैनी को 142 वोट मिले, जबकि लीलाधर ने 141 वोटों से जीत दर्ज की.

Jhunjhunu: झुंझुनूं में वार्ड का चुनाव भी हो गया, नतीजे भी आ गए, इस बीच कहीं खुशी, कहीं गम का महौल भी देखने का मिल रहा है, पर कांग्रेस (Congress) के लीलाधर के विजय जुलूस में बीजेपी (BJP) के सतीश कुमार (Satish Kumar) का शामिल होना, यहां के लोगों के समझ से परे है और ये खबर आजकल चर्चा में है. वहीं, राजनीतिक हलकों में बीजेपी की किरकिरी भी हो रही है.

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झुंझुनूं के खेतड़ी के वार्ड नं. 20 के उप चुनावों में कांग्रेस के बागी उम्मीदवार तथा खेतड़ी की कांग्रेस चेयरमैन गीता सैनी (Geeta Saini) के पति लीलाधर सैनी (Liladhar Saini) ने चुनाव जीत लिया है लेकिन चुनावों के साथ सियासी बयानबाजी भी शुरू हो गई है. वहीं, इन चुनावों में भाजपा की जो किरकिरी हुई है, वह गली-गली में चर्चा का विषय बन गया है. सियासी गलियारों में तो खूब चटकारों के साथ चर्चित हो रही है.

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दरअसल, खेतड़ी चेयरमैन गीता सैनी खुद कांग्रेस से हैं और उनके पति लीलाधर सैनी को गत दिनों ही राज्य सरकार ने मनोनीत पार्षद बना दिया था. लेकिन उप चुनावों में लीलाधर सैनी ने वार्ड नं. 20 से दावेदारी की तो कांग्रेस ने ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष गोकुलचंद सैनी को टिकट दे दिया. दरअसल यह वार्ड भी गोकुलचंद की पत्नी के निधन के कारण ही खाली हुआ था, लेकिन बावजूद इसके लीलाधर सैनी ने पार्टी के खिलाफ ही मोर्चा खोलकर चुनाव मैदान में कूदने का फैसला लिया. आज आए परिणामों में लीलाधर सैनी ने एक तरफा जीत दर्ज की. जितने वाले गोकुलचंद सैनी के आए उससे एक ही वोट कम से तो लीलाधर ने जीत दर्ज की है. 

लीलाधर सैनी के जुलूस में शामिल हुए भाजपा प्रत्याशी सतीश कुमार 
गोकुलचंद सैनी को 142 वोट मिले, जबकि लीलाधर ने 141 वोटों से जीत दर्ज की. इस जीत में खास बात यह रही कि भाजपा प्रत्याशी सतीशकुमार को महज चार वोट मिले. जबकि आठ वोट तो उनके परिवार में है. परिणाम के बाद भाजपा प्रत्याशी सतीश कुमार भी लीलाधर सैनी के जुलूस में माला और गुलाल में रंगे हुए मिले, जिसमें अशोक गहलोत जिंदाबाद के नारे लग रहे थे. सतीश कुमार ने बताया कि उसने अपना समर्थन और अपने घर के वोट भी लीलाधर को डलवा दिए. इधर, लीलाधर ने ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने और खुद को सच्चा कांग्रेसी होने का दावा करते रहे. जबकि भाजपा के साथ मिलकर उन्होंने चुनाव लड़ा. 

क्या बोले चुनाव हारने वाले गोकुलचंद सैनी 
इधर, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष और चुनाव हारने वाले गोकुलचंद सैनी ने कहा कि पांच महीने पहले उन्होंने अपनी पुत्र वधु को चेयरमैन की दावेदारी से इसलिए पीछे हटा लिया था कि कांग्रेस ने गीता सैनी को उतारा था. वहीं, विडंबना है कि जिस कांग्रेस ने गीता सैनी को चेयरमैन और लीलाधर को सहवृत्त सदस्य बनाया, उसने ही न केवल कांग्रेस के खिलाफ चुनाव लड़ा, बल्कि चेयरमैन तो खुद घर—घर वोट मांग रही थी, इसके लिए अनुशासनात्मक कार्रवाई संगठन करेगा.

Reporter- Sandeep Kedia