'किसका करूं एतबार, किससे करें गिला!' BJP के इस नेता ने सोशल मीडिया पर गम किया सांझा, पोस्ट हुई वायरल

Rajasthan News: जयपुर बीजेपी में हलचल! महिला रैली में भीड़ के दावे फेल, शहर अध्यक्ष अमित गोयल की भावुक पोस्ट-“किस पर करें भरोसा?” अपने ही कार्यकर्ताओं पर तंज के बाद पार्टी में चर्चा तेज, संगठन की ताकत पर उठे बड़े सवाल.

'किसका करूं एतबार, किससे करें गिला!' BJP के इस नेता ने सोशल मीडिया पर गम किया सांझा, पोस्ट हुई वायरल
Image Credit: Jaipur City BJP President Viral Post

Jaipur News: बीजेपी जयपुर शहर अध्यक्ष का दिल आखिर किसने तोड़ा? शहर अध्यक्ष अमित गोयल ने सोशल मीडिया पर अपनी पीड़ा उजागर की है! उसने लिखा कि करें किसका एतबार, किससे करें गिला ! सोशल मीडिया पर डाली यह पोस्ट चर्चा का विषय बनी हुई है.

महिला आरक्षण बिल गिरने के बाद बीजेपी की ओर से महिला जन आक्रोश रैली निकाली गई. इस रैली में भीड़ जुटाने के लिए बीजेपी महिला मोर्चा अध्यक्ष राखी राठौड़, मोर्चा उपाध्यक्ष और पदाधिकारियों के साथ बीजेपी जयपुर शहर अध्यक्ष अमित गोयल को भी जिम्मेदारी दी गई. रैली में भीड़ जुटाने के लिए बड़े बड़े दावे किए गए, लेकिन ज़मीनी हकीकत ने कई सवाल खड़े कर दिए. इस रैली के बाद बीजेपी शहर अध्यक्ष अमित गाोयल ने सोशल मीडिया पर एक भावनात्मक पोस्ट डाल दी. गोयल ने पोस्ट में लिखा कि “करें किसका एतबार यहां सब अदाकार ही तो हैं और गिला भी किससे करें सब अपने यार ही तो हैं.”

Add Zee News as a Preferred Source

इस पोस्ट के बाद बीजेपी कार्यकर्ताओं के साथ ही पार्टी हल्कों में भी चर्चा शुरू हो गई. लोग आपस में पूछने लगे कि आखिर ऐसा क्या हुआ कि सत्ता में बैठी पार्टी के शहर अध्यक्ष को अपने ही “यारों” पर तंज कसना पड़ा ? गोयल ने पार्टी में सबको ही कलाकार बता दिया और किसी पर भी भरोसा नहीं करने की की बात कही, वहीं यह भी लिख दिया कि गिला यानी शिकायत किससे करें, सब अपने ही हमदर्द हैं. सोशल मीडिया के साथ ही पार्टी कार्यालय में तरह तरह की चर्चा चल पड़ी.

लोग इसे जन आक्रोश महिला सम्मेलन से जोड़कर देख रहे हैं. दरअसल इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी सहित कई बड़े नेता मौजूद रहे. तैयारियां बड़े स्तर पर की गईं, बैठकों का दौर चला और जिम्मेदारियां भी सौंपी गईं.

सूत्रों के अनुसार बीजेपी महिला मोर्चा की प्रदेशाध्यक्ष और पदाधिकारी ने हजारों महिलाओं को लाने का भरोसा दिलाया था. वहीं शहर अध्यक्ष अमित गोयल ने भी करीब 70 बसें लाने का दावा किया था. जयपुर सहित आसपास की 10 विधानसभाओं में हर मंडल, वार्ड और बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई थी. लेकिन जब पदयात्रा शुरू हुई, तो तस्वीर दावों से बिल्कुल उलट नजर आई. यहीं से सवाल खड़े होने लगे कि भीड़ जुटाने का दावा करने वाले कार्यकर्ता आखिर कहां गायब हो गए ?क्या कागज़ों में मजबूत दिखने वाला संगठन ज़मीन पर कमजोर पड़ गया? इसके बाद अमित गोयल की सोशल मीडिया पोस्ट ने इन सवालों को और हवा दे दी. उनके शब्द साफ इशारा करते हैं कि नाराजगी विपक्ष से नहीं, बल्कि अपने ही संगठन के लोगों से है.

राजनीतिक गलियारों में सवाल यह भी उठ रहा है कि क्या कार्यक्रम जल्दबाजी में किया गया, या फिर जिन कार्यकर्ताओं की लंबी सूची तैयार की गई थी, उनमें जमीनी पकड़ का अभाव था. राजनीतिक कार्यक्रमों में भीड़ सिर्फ संख्या नहीं, बल्कि संगठन की ताकत का आईना होती है.

राजस्थान की ताज़ा ख़बरों के लिए ज़ी न्यूज़ से जुड़े रहें! यहां पढ़ें Rajasthan News और पाएं Jaipur News हर पल की जानकारी. राजस्थान की हर खबर सबसे पहले आपके पास, क्योंकि हम रखते हैं आपको हर पल के लिए तैयार. जुड़े रहें हमारे साथ और बने रहें अपडेटेड!

ट्रेंडिंग न्यूज़

About the Author

SAGAR CHAUDHARY

SAGAR CHAUDHARY

सागर चौधरी एक अनुभवी और समर्पित सब-एडिटर हैं, जो वर्तमान में ज़ी राजस्थान के साथ जुड़े हुए हैं. उन्हें डिजिटल मीडिया में करीब 2 साल का अनुभव है, और इस दौरान उन्होंने तेज, सटीक और भरोसेमंद न्यूज़ कंटेंट तैयार करके अपनी एक मजबूत पहचान बनाई है. राजस्थान की हर बड़ी और छोटी खबर पर उनकी अच्छी पकड़ उन्हें एक भरोसेमंद पत्रकार बनाती है. अप्रैल 2024 से वे ज़ी न्यूज़ संस्थान का हिस्सा हैं और अपनी मेहनत व काम करने की क्षमता से लगातार टीम में योगदान दे रहे हैं. सागर चौधरी का संबंध हरियाणा के फरीदाबाद से है, जहां उन्होंने इंटरमीडिएट तक की पढ़ाई पूरी की. इसके बाद उन्होंने महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय, रोहतक से मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री हासिल की और मीडिया क्षेत्र में अपने करियर की शुरुआत की.