
Jaipur News: राजस्थान में तब से हड़कंप मचा हुआ है, जब से प्रदेश के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को धमकी भरा कॉल आया है और जान से मारने की धमकी मिली है. दरअसल, दौसा सेंट्रल जेल से सीएम को जान से मारने की धमकी का केस आया है. इसको लेकर पुलिस प्रशासन में हड़कंप मचा है. धमकी मिलते ही पुलिस हरकत में आई और तुरंत मोबाइल की लोकेशन ट्रेस की.
जिस मोबाइल से धमकी मिली थी, उसकी लोकेशन श्यालावास क्षेत्र में स्थित सेंट्रल जेल की मिली. इसके बाद पुलिस ने सर्च ऑपरेशन चलाया. ताबड़तोड़ चलाए गए सर्च ऑपरेशन में कैदियों के पास से 10 मोबाइल मिले. तुरंत कार्रवाई के साथ जेल अधीक्षक समेत तीन कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है.
पुलिस की मानें तो सीएम भजनलाल को जेल से यह धमकी नीमो नाम के एक कैदी ने दी थी. वह रेप केस सेंट्रल जेल में बंद है. वह दार्जिलिंग का निवासी है. जयपुर पुलिस ने रेप केस में उसे अरेस्ट किया था. पुलिस उससे पूछताछ कर रही है. इस बात का खुलासा नहीं हो पाया कि धमकी दी क्यों थी?
वहीं, श्यालावास जेल से सीएम को धमकी देने का मामल में डीआईजी जेल मोनिका अग्रवाल का बयान आया है कि मामले को लेकर दो एफआईआर करवाई गई. एक कैदी नीमा द्वारा धमकी की FIR, वहीं, दूसरी FIR जेल में मिले दस मोबाइल को लेकर. दोनों ही मामलो की पुलिस जांच कर रही है. विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई. जेल की व्यवस्था सुधार पर भी काम हो रहा है. जेल में मोबाइल केसे पहुंचे इसकी गहनता से जांच की जा रही है. मामले में कार्यवाहक जेल अधीक्षक,जेलर और मुख्य प्रहरी को सस्पेंड कर दिया गया है.
वहीं, सीएम भजनलाल को जान से मारने की धमकी मामले में एक गिरफ्तारी हुई है. श्यालावास जेल से सीएम को धमकी देने का प्रकरण आया है. पुलिस ने राजेंद्र माहवर को गिरफ्तार किया है. राजेंद्र ने जेल में सिम पहुंचाई थी. राजेंद्र कैदियों को बिजली मैकेनिक का काम सिखाने जाता था. राजेंद्र जेल में बंद रिंकू का मोहल्ले का निवासी है. ऐसे में रिंकू की मां के नाम से सिम परचेज की गई थी. वहीं, जेल प्रबंधन ने जेल में पहुंचे मोबाइल को लेकर FIR करवाई. दौसा एसपी रंजिता शर्मा ने जानकारी दी है.