Maken की Jaipur यात्रा के दो बड़े मैसेज ! मिशन 2023 के लिए मंत्रियों को देनी होगी कुर्बानी, खुद को बताया 'दिल्ली'

राजस्थान (Rajasthan News) में तीन दिवसीय दौरे पर सत्ता और संगठन से व्यापक फीडबैक लेने के बाद दिल्ली लौटने से पहले अजय माकन ने साफ कर दिया है कि राजस्थान में सत्ता का रास्ता संगठन से होकर ही जाएगा.

Maken की Jaipur यात्रा के दो बड़े मैसेज ! मिशन 2023 के लिए मंत्रियों को देनी होगी कुर्बानी, खुद को बताया 'दिल्ली'
अजय माकन

Jaipur : राजस्थान (Rajasthan News) में तीन दिवसीय दौरे पर सत्ता और संगठन से व्यापक फीडबैक लेने के बाद दिल्ली लौटने से पहले अजय माकन ने साफ कर दिया है कि राजस्थान में सत्ता का रास्ता संगठन से होकर ही जाएगा. राजस्थान में गहलोत सरकार (Gehlot Government) के कामकाज से बेहद खुश नजर आए माकन ने कह दिया है कि मिशन 2023 के लिए सरकार के मंत्रियों को कुर्बानी देनी होगी. यानी कुछ मंत्रियों को संगठन में काम करना होगा. राजस्थान में बदलाव के फार्मूले के दिल्ली से निकलने के सवाल पर माकन ने जरूर चौंकाने वाला बयान दिया है माकन ने कहा है कि मैं ही दिल्ली हूं.

राजस्थान कांग्रेस (Rajasthan Congress) के प्रभारी अजय माकन 3 दिनों तक राजस्थान में 115 विधायक और 45 पीसीसी पदाधिकारी और अग्रिम मोर्चों के अध्यक्षों से व्यापक फीडबैक के बाद दिल्ली लौट आए हैं. माकन ने सत्ता से संगठन के बारे में और संगठन से सत्ता के बारे में ना केवल फीडबैक लिया बल्कि एक साक्षात्कार की शैली में सवाल-जवाब भी किए. माकन ने कहा है कि विधायकों और संगठन के पदाधिकारियों से जो फीडबैक मिला है. उससे साफ हो गया है कि राजस्थान में गहलोत सरकार बेहतर काम कर रही है. राजस्थान के विधायक अशोक गहलोत के कामकाज से बेहद संतुष्ट नजर आए हैं.

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माकन (Ajay Maken) ने कहा है कि फीडबैक ले लिया गया है, लेकिन अब सवाल है कि सरकार 2023 में सत्ता में वापस कैसे लौटे और इस फीडबैक के जरिए निकाले जाने वाले फार्मूले का पूरा फोकस इसी बात पर रहने वाला है. माकन ने कहा है कि हमारा सौभाग्य है कि हमारे पास ऐसे लोग हैं जो सरकार में मंत्री पद पर होने के बावजूद संगठन में काम करने के लिए तैयार हैं मुझे फीडबैक में कई मंत्रियों ने यह कहा है कि यदि उन्हें मौका मिलेगा तो वह संगठन के लिए काम करेंगे यानी माकन ने इस बयान के जरिए यह संकेत दे दिया है कि मंत्रिमंडल विस्तार फेरबदल के साथ-साथ संगठन में भी बड़ा बदलाव हो सकता है और राजस्थान में भी पंजाब की तर्ज पर तीन या चार कार्यकारी अध्यक्षों का फार्मूला लागू किया जा सकता है.

राजस्थान में होने वाले बदलाव में सचिन पायलट (Sachin Pilot) की भूमिका के सवाल पर माकन ने कहा कि किसी की भी भूमिका को लेकर कोई शक और संदेह नहीं होना चाहिए सभी ने आलाकमान ने भरोसा व्यक्त किया है. माकन ने मीडिया से बातचीत में ये भी कहा की इस फीडबैक के बाद अब मंत्रिमंडल विस्तार पॉलिटिकल अपॉइंटमेंट और संगठन में संगठन में नियुक्तियों पर निर्णय जल्द ले लिया जाएगा, लेकिन यह फैसला कब होगा इसके बारे में माकन ने एक बार फिर से कुछ भी कहने से इंकार किया, लेकिन यह तय है कि इतने बड़े और व्यापक फीडबैक के बाद माना जा रहा है कि राजस्थान में जल्द ही सत्ता और संगठन के स्तर पर बदलाव नजर आने वाला है. हालांकि माकन ने फार्मूले के दिल्ली से निकलने के सवाल पर चौंकाने वाला बयान देते हुए कहा कि "मैं ही दिल्ली हूं."

कुल मिलाकर कहा जा सकता है कि 3 दिन चली इस लंबी कवायद के बाद अब माकन के इस मंथन से अमृत और विष दोनों निकलने वाला है यानी मंत्रिमंडल विस्तार और फेरबदल के  साथ साथ दिग्गज नेताओं की छुट्टी होगी और पॉलिटिकल अपॉइंटमेंट और संगठन में भी नेताओं कार्यकर्ताओं को नियुक्ति का तोहफा मिलेगा, लेकिन यह देखना बेहद दिलचस्प होगा कि माकन ने जो फीडबैक तैयार किया है उसके आधार पर किन मंत्रियों की छुट्टी होगी और कौन से ऐसे चेहरे हैं जो अब मंत्री पद की शपथ लेंगे.

 

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