जैसलमेर DM नमित मेहता ने किया ऐलान, लॉकडाउन के समय कोई नहीं रहेगा भूखा

जैसलमेर शहर सहित पोकरण और जिले के अन्य बड़े ग्रामीण कस्बों में भामाशाहों की मदद से लंगर भी चलाए जाएंगे.

जैसलमेर DM नमित मेहता ने किया ऐलान, लॉकडाउन के समय कोई नहीं रहेगा भूखा
सार्वजनिक कार्यकर्मों जिसमें भीड़ जमा हो, उसे प्रतिबंधित कर दिया गया है.

मनीष रामदेव, जैसलमेर: कोरोना वायरस की रोकथाम को लेकर प्रदेश के मुखिया अशोक गहलोत द्वारा 31 मार्च तक प्रदेश में लॉकडाउन की घोषणा की गई थी. इसके बाद सरहदी जिले जैसलमेर में लॉकडाउन को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस महकमा अलर्ट मोड पर दिखाई दे रहा है. 

जिले में धारा 144 तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है और 5 या 5 से ज्यादा लोगों के एकत्रित होने पर रोक लगायी गई है. सार्वजनिक कार्यकर्मों जिसमें भीड़ जमा हो, उसे प्रतिबंधित कर दिया गया है. 

जिला कलेक्टर नमित मेहता ने पत्रकार वार्ता के दौरान बताया कि जिले में पूर्णतः लॉकडाउन है और आवश्यक सेवाओं को छोड़कर कोई भी दुकान या प्रतिष्ठान 31 मार्च तक खुला न रहे, ये सुनिश्चित किया जा रहा है. पुलिस द्वारा शहरी और ग्रामीण इलाकों में लगातार गश्त करके लोगों से समझाइश की जा रही है और लॉकडाउन की पालना सुनिश्चित करवाई जा रही है.

जिला कलेक्टर मेहता ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान कलेक्टर कार्यालय, प्रत्येक उपखंड कार्यालय, जिला स्वास्थ्य कार्यालय और परिवहन कार्यालय में कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, जो जहां से किसी को भी कोरोना से संबंधित कोई भी जानकारी लेनी या देनी हो या आमजन को कोई परेशानी हो तो संपर्क किया जा सकता है.

जिला कलेक्टर नमित मेहता ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि रविवार को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने विभिन्न जिलों के जिला कलेक्टर की वीसी ली थी, इस दौरान उन्होंने निर्देश दिए थे कि लॉकडाउन के दौरान दिहाड़ी मजदूर और गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन कर रहे लोगों को कोई समस्या न हो और वे रात को भूखा न सोए, यह सुनिश्चित करें. जिला प्रशासन द्वारा मुख्यमंत्री के निर्देशों को गंभीरता से लेते हुए दिहाड़ी मजदूरों और गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले लोगों के लिए सूखे अनाज के पैकेट बनाए गए हैं, जो आज से ही वितरित कर दिए जाएंगे.

साथ ही जैसलमेर शहर सहित पोकरण और जिले के अन्य बड़े ग्रामीण कस्बों में भामाशाहों की मदद से लंगर भी चलाए जाएंगे, जिसमें इनके लिए भोजन व्यवस्था की जाएगी. साथ ही इस दौरान यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि लंगर पर एक साथ अत्यधिक भीड़ जमा न हो.