जोधपुर: JNVU के छात्रों को प्रदर्शन, कहा-अगली कक्षा में प्रमोट कर फीस में की जाए रियायत

वीसी को दिए गए ज्ञापन में छात्रसंघ अध्यक्ष ने मांग की है कि, विश्वविद्यालय व संबंधित महाविद्यालय के विद्यार्थियों को कोरोना के मद्देनजर प्रमोट किया जाए.

जोधपुर: JNVU के छात्रों को प्रदर्शन, कहा-अगली कक्षा में प्रमोट कर फीस में की जाए रियायत
रविंद्र सिंह भाटी ने कुलपति को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगों को जल्द से जल्द पूरा करने की मांग की है.

भवानी भाटी/जोधपुर: संभाग के सबसे बड़े विश्विद्यालय जेएनवीयू (JNVU) में छात्रों की मांगों को लेकर अवगत करवाने के बाद, विश्विद्यालय द्वारा कोई कदम नहीं उठाने पर शुक्रवार को छात्रों ने अनूठे तरीके से विरोध किया. जेएनवीयू प्रशासन पर नींद में सोए हुए रहने का आरोप लगाते हुए छात्रसंघ अध्यक्ष रविन्द्र सिंह भाटी की अगुवाई में छात्रों ने अनूठे तरीके से प्रदर्शन किया.

इस दौरान ढोल-थाली के साथ जेएनवीयू कुलपति कार्यालय पहुंच कर छात्रों ने जेएनवीयू प्रशासन को जागने का आह्वान किया, ताकि छात्रों की समस्या का समाधान हो सके. ढोल थाली बजाकर छात्र संघ अध्यक्ष रविन्द्र सिंह भाटी व छात्रों ने जयनारायण व्यास विश्वविद्यालय में छात्रों को प्रमोट करने की मांग की.

कुलपति कार्यालय के बाहर ढोल-थाली बजाकर जमकर हंगामा प्रदर्शन किया गया. कुलपति को दिए गए ज्ञापन में छात्रसंघ अध्यक्ष ने मांग की है कि, विश्वविद्यालय व संबंधित महाविद्यालय के विद्यार्थियों को कोरोना वायरस (Coronavirus) महामारी के मद्देनजर प्रमोट किया जाए. यूजीसी (UGC) ने भी गाइडलाइन जारी कर छात्रों को प्रमोट करने की बात कही. साथ ही बताया कि, 80 प्रतिशत 

ग्रामीण छात्र-छात्राएं इस विश्वविद्यालय में अध्यनरत हैं. वह वैश्विक महामारी की वजह से जोधपुर में ही किराए के कमरे लेकर रह रहे हैं. महामारी की वजह से उन छात्र-छात्राओं का किराया देना संभव नहीं है. ऐसे में विश्वविद्यालय द्वारा सरकार से वार्ता कर सभी विद्यार्थियों के किराए माफ किए जाए. एसएफएस सहित की फीस किस्तों में ली जाए.

इस दौरान प्रदर्शन व हंगामे के चलते छात्र संघ अध्यक्ष सहित छात्रों को कुलपति के गार्ड ने रोक कर रखा. जिसके बाद कुलपति कार्यालय के ऑफिस में ही सभी छात्रों ने हंगामा करना शुरू कर दिया, जहां सभी छात्रों ने कुलपति के समक्ष खड़े होकर जमकर हंगामा किया.

रविंद्र सिंह भाटी ने कुलपति को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगों को जल्द से जल्द पूरा करने की मांग की है. छात्रसंघ अध्यक्ष का कहना है कि, अगर विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा उनकी मांगे नहीं मानी जाती है तो, आने वाले दिनों में छात्र संघ अध्यक्ष के नेतृत्व में आंदोलन किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी.