जानिए, कोटा में हैप्पीनेस करियर कॉनक्लेव कैसे प्रतियोगी छात्र-छात्राओं के लिए फायदेमंद साबित होने वाली है .

22 व 23 नवम्बर को आयोजित होने वाले कॉनक्लेव  में देशभर की प्रमुख 40 से ज्यादा  नेशनल यूनिवर्सिटी,एजुकेशन ग्रुप, कॉलेजों के विशेषज्ञ, कंसल्टेंट व कोटा के प्रमुख कोचिंग संस्थान शामिल होंगे.

जानिए, कोटा में हैप्पीनेस करियर कॉनक्लेव कैसे प्रतियोगी छात्र-छात्राओं के लिए फायदेमंद साबित होने वाली है .
कोटा में होगा देश का सबसे बड़ा हैप्पीनेस करियर कॉनक्लेव

मुकेश सोनी,कोटा:कोचिंग सिटी कोटा में विद्यार्थियों के लिए बेहतर करियर के लिए देश का सबसे बड़ा हैप्पीनेस करियर कॉनक्लेव आयोजित किया जाएगा जिसमें देश की प्रमुख यूनिवर्सिटी एक प्लेटफॉर्म पर नजर आएगी इस कॉनक्लेव में विद्यार्थियों को विभिन्न करियर विकल्पों के बारे में जानकारी दी जाएगी.हैप्पीनेस कॉनक्लेव के बारे में जानकारी देते हुए एलन के डायरेक्टर ब्रजेश माहेश्वरी ने बताया 22 व 23 नवम्बर को आयोजित होने वाले कॉनक्लेव  में देशभर की प्रमुख 40 से ज्यादा  नेशनल यूनिवर्सिटी,एजुकेशन ग्रुप, कॉलेजों के विशेषज्ञ, कंसल्टेंट व कोटा के प्रमुख कोचिंग संस्थान शामिल होंगे. ये  कॉन्क्लेव ,एलन एंटरप्रेन्योर्स व कोटा के सभी प्रमुख कोचिंग संस्थाओं के सहयोग से आयोजित होगा इस कॉन्क्लेव के लिए सिटी मॉल के सामने विशाल एयरकंडीशन्ड डोम बनाया गया है इस कॉनक्लेव  में विद्यार्थियों को इंजीनियरिंग व मेडिकल क्षेत्र के अलावा अन्य क्षेत्रों में भी बेहतर करियर के विकल्पों से परिचित कराया जाएगा.
इस कॉन्क्लेव में देश टॉप शैक्षणिक संस्थानों की ओर से विद्यार्थियों को नए पाठ्यक्रम के बारे में जानकारी दी जाएगी विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ,विद्यार्थियों से संवाद करेंगे और विभिन करियर विकल्पों के बारे में बताएंगे ताकि विद्यार्थी बेहतर भविष्य के लिए  एक मजबूत निर्णय ले सके. करियर कॉन्क्लेव में आने वाले विद्यार्थियों को करियर के विभिन्न विकल्पों पर आधारित पुस्तक "ओर भी है राहें" ओर "सोविनियर"की प्रति निशुल्क उपलब्ध कराई जाएगी.करियर कॉन्क्लेव में शामिल होने के इच्छुक विद्यार्थियों को मोबाइल एप करियर कॉनक्लेव डाउनलोड कर खुद का रजिस्ट्रेशन कराना होगा माहेश्वरी ने बताया कि यह कॉनक्लेव कोटा के अलावा अगले महीने 6-7 दिसम्बर को जयपुर में ,14-15 दिसम्बर को बेंगलुरु में उसके बाद चंडीगढ़ में आयोजित किया जाएगा. 
एलन के डायरेक्टर ब्रजेश माहेश्वरी का कहना है कि कोटा, मिनी इंडिया यानि लघु भारत है यहाँ  हर साल लाखों बच्चे डॉक्टर, इंजीनियर बनने का सपना लेकर आते है. लेकिन बच्चे  भी जानते हैं और उनके पेरेंट्स भी जानते हैं कि हर बच्चे का सिलेक्शन नहीं होगा फिर भी बच्चा पूरा दिल लगाकर पढ़ाई करता है और भरसक कोशिश करता है. बच्चा संघर्ष करना सीख जाता है लेकिन बड़े एग्जाम में नेशनल लेवल पर  20 प्रतिशत ही सफलता पाता है जैसे JEE मेंस एग्जाम का रिजल्ट नेशनल प्लेटफार्म पर एक पर्सेंट होता है कोटा में सभी कोचिंग संस्थान मिलकर सफलता का प्रतिशत 20 फीसदी तक ले जाते है फिर भी 80 प्रतिशत जोन में रह जाता है बच्चों व परिजनों को इसका पता दिवाली के बाद लगता है ऐसे में विद्यार्थी निराश ना हो  इस समय विद्यार्थियों को यह वास्तविक स्थिति बता दें  इस कॉनक्लेव आयोजन का उद्देश्य यही है कि आपके लिए रोजगार के अवसर खत्म नहीं हुए हैं ताकि उनके दिमाग से हर तरह का दबाव तनाव खत्म हो जाए उसको यह पता लग जाएगा कि सलेक्शन हो जाएगा, अगर नहीं हुआ तो दूसरे विकल्प उसके सामने मौजूद रहेंगे.माहेश्वरी ने बताया कि यह संस्थान बच्चों के हाथ और साथ, जब तक नहीं छोड़ेंगे, जब तक बच्चा अपने पैरों पर खड़ा नहीं हो जाता यानी उसका जॉब प्लेसमेंट नहीं हो जाता.