कोटा: 13 दिन से उपज मंडी सूनी, नहीं पहुंचा कोई भी किसान

इस बार क्षेत्र में लगातार हुई बारिश ने खरीफ की फसलों को तबाह कर दिया. अतिवृष्टि से क्षेत्र में उड़द की ज्यादातर फसल खराब हो गई और जो बची है वो भी समर्थन मूल्य खरीद केन्द्र पर मापदंड पर खरी नहीं उतरने वाली.

कोटा: 13 दिन से उपज मंडी सूनी, नहीं पहुंचा कोई भी किसान

कोटा: किसानों को उपज का उचित दाम दिलाने की मंशा से सरकार ने सोयाबीन व उड़द का समर्थन मूल्य घोषित कर दिया है. एक नवम्बर से यहां क्रय विक्रय सहकारी समिति की ओर से गौण कृषि उपजमंडी में समर्थन मूल्य खरीद केन्द्र का शुभारम्भ भी हो गया. लेकिन बीते तेरह दिनों में यहां एक भी किसान अपनी उपज लेकर नहीं पहुंचा. ऐसे में समर्थन केन्द्र पर सन्नाटा पसरा है तो कर्मचारी दिनभर यहां खाली बैठे नजर आते हैं.  

दरअसल, इस बार क्षेत्र में लगातार हुई बारिश ने खरीफ की फसलों को तबाह कर दिया. अतिवृष्टि से क्षेत्र में उड़द की ज्यादातर फसल खराब हो गई और जो बची है वो भी समर्थन मूल्य खरीद केन्द्र पर मापदंड पर खरी नहीं उतरने वाली. सोयाबीन के हाल भी कुछ ऐसे ही है. लगातार बारिश से उत्पादन कम निकला तो दाने भी छोटे व काले पड़ गए. सोयाबीन का बाजार भाव भी समर्थन मूल्य के बराबर चल रहा है. ऐसे में किसानों की समर्थन मूल्य पर रूचि नहीं दिख रही.

जाहिर है पिछले 13 दिन में यहां केन्द्र पर महज एक किसान ने सोयाबीन बेचने के लिए पंजीयन कराया था लेकिन वो भी नहीं आया. केन्द्र शुरू होने के बाद ना तो कोई पंजीयन हुआ और नाहीं कोई किसान यहां उपज लेकर पहुंचा. लेकिन इसके  बावजूद कर्मचारी अपनी ड्यूटी यंहा कर रहे हैं और इंतजार कर रहे हैं की कोई किसान यंहा आकर अपनी फसल बेचे लेकिन इसके हालात नजर नहीं आ रहे हैं.