Jaipur में 1 मार्च से धरने पर बैठेंगे करीब 54 हजार व्याख्याता, जानें वजह

अनुपात 80-20 करने की मांग को लेकर प्रदेश के करीब 54 हजार व्याख्याता 1 मार्च से जयपुर के बाइस गोदाम पर धरना आंदोलन शुरू करने जा रहे हैं.

Jaipur में 1 मार्च से धरने पर बैठेंगे करीब 54 हजार व्याख्याता, जानें वजह
प्रतीकात्मक तस्वीर.

Jaipur: प्रधानाचार्य पदों पर पदोन्नति (Promotion) में अनुपात को लेकर लम्बे समय से प्रदेश के करीब 54 हजार व्याख्याताओं का संघर्ष चला आ रहा है. वर्तमान में प्रधानाचार्य के पदों पर पदोन्नति में व्याख्याताओं को 67 फीसदी और प्रधानाध्यापक को 33 फीसदी का लाभ दिया जा रहा है.

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लेकिन इस अनुपात पर सरकार की ओर से 80-20 पर सहमति मिली थी लेकिन पिछले दिनों हुई कैबिनेट में मामले को डैफर किए जाने के बाद अब व्याख्याताओं में आक्रोश बढ़ता जा रहा है. अनुपात 80-20 करने की मांग को लेकर प्रदेश के करीब 54 हजार व्याख्याता 1 मार्च से जयपुर के बाइस गोदाम पर धरना आंदोलन शुरू करने जा रहे हैं. इसके साथ ही 5 मार्च तक मांग पूरी नहीं होने पर 5 मार्च को विधानसभा के घेराव की भी चेतावनी व्याख्याताओं की ओर से दी गई है.

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शिक्षक संघ रेसला मुख्य महामंत्री सुमेर खटाणा और शिक्षक नेता अशोक जाट का कहना है कि "पहले ये अनुपात 50-50 का था लेकिन उस समय दोनों ही पद समान थे लेकिन अब प्रदेश में व्याख्याताओं की संख्या बढ़कर 54 हजार हो गई है तो वहीं प्रधानाध्यापकों की संख्या साढ़े तीन हजार ही रह गई है. ऐसे में 67-33 का अनुपात किसी भी प्रकार से व्यावहारिक नहीं है, इसलिए सरकार जल्द से जल्द इस पदोन्नति में अनुपात को 80-20 करे. अगर 5 मार्च तक ऐसा नहीं होता है तो 5 मार्च को प्रदेशभर के करीब 54 हजार व्याख्याता विधानसभा का घेराव करेंगे."