नितिन गडकरी नें जयपुर रिंग रोड का किया उद्घाटन, अब लोगों को मिलेगी जाम से राहत

जयपुर के लिए ये प्रोजेक्ट इस लिए भी खास हैं क्योंकि अब शहर के बीच से निकले वाले भारी वाहनों के प्रदूषण से निजात मिल सकेगा. 

नितिन गडकरी नें जयपुर रिंग रोड का किया उद्घाटन, अब लोगों को मिलेगी जाम से राहत
रिंग रोड़ के प्रथम फेज का काम अभी पुरी तरह से पुरा नहीं हो पाया हैं. (फाइल फोटो)

जयपुर: पुर्ववर्ती वसुंधरा सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट रिंग रोड शुक्रवार को प्रदेश की जनता को मिल ही गया. हालांकि, रिंग रोड के 47 किमी लम्बे हिस्से में से केवल 27 किमोमीटर हिस्से की ही सौगात मिल सकी हैं. लोकसभा चुनाव आचार सहिता के लागू होने से पहले केन्द्र सरकार ने प्रदेश की जनता को टोंक रोड से अजमेर रोड तक रिंग रोड की सौगात दी. 

दिल्ली से केन्द्रिय मंत्री नितिन गड़करी नें रिंग रोड का बटन दबाकर उद्धाटन किया. वहीं जयपुर में प्रतिकात्मक कार्यक्रम में पुर्व केबिनेट मंत्री युनूस खान और जयपुर शहर सांसद रामचरण बोहरा नें हरी झण्डी दिखाकर वाहनों को रवाना किया. 6 लेन हाईवे के निर्माण में 860 करोड़ रूपए की लागत आई हैं.

जयपुर के लिए ये प्रोजेक्ट इस लिए भी खास हैं क्योंकि अब शहर के बीच से निकले वाले भारी वाहनों के प्रदूषण से निजात मिल सकेगा. शहर में बढ़ते प्रदूषण को कम करने में रिंग रोड मील का पत्थर साबित होगी. एनएच 11 से एनएच 8 को जोड़ने वाले इस कॉरिडोर के बनने से शहर वासियो को ही नहीं जयपुर से गुजरने वाले लोगों को भी भारी जाम से निजात मिल सकेगा. अजमेर रोड महापुरा से टोंक रोड सीतापुरा के बीच बनकर तैयार हुए 6 लेन हाईवे से हर रोज हजारो वाहन गुजर सकेगें.

हालांकि रिंग रोड़ के प्रथम फेज का काम अभी पुरी तरह से पुरा नहीं हो पाया हैं. अजमेर रोड से वाया टोंक रोड होते हुए आगरा रोड को जोड़ने वाली इस रिंग रोड में अभी हालफिलाल टोंक रोड तक ही वाहन चल सकेगें. आपको बता दें, अप्रेल 2019 तक रिंग रोड के प्रथम फेज को पुरा करने हैं लेकिन लोकसभा चुनावों आचार सहिता को देखते हुए केन्द्र सरकार नें रिंग रोड के दक्षिणी कॉरिडोर का उद्धाटन कर प्रदेश की जनता को सौगात दी.

जयपुर के बाहरी इलाके से गुजरने वाला ये रिंग रोड बीजेपी सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट रहा हैं. हालांकि रिंग रोड को बनने में लम्बा वक्त लगा. रिंग रोड का निर्माण पहले जयपुर विकास प्राधिकरण को करना था लेकिन जेडीए रिंग रोड को बनाने में नाकाम साबित हुआ. जिसके बाद में वसुंधरा सरकार, केन्द्र सरकार के सयोग से रिंग रोड का सपना साकार हो पाया. कुल 1217 करोड़ रूपए के इस प्रोजेक्ट में अभी तक 93 प्रतिशत काम पुरा हो पाया हैं.